



जयपुर। राजस्थान शिक्षा विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए शिविरा पंचांग जारी कर दिया है, जिसमें अवकाश और परीक्षाओं की समय-सारणी में अहम बदलाव किए गए हैं। इस बार ग्रीष्मकालीन अवकाश में कटौती करते हुए इसे 10 दिन कम कर दिया गया है, जबकि शीतकालीन अवकाश को जनवरी माह में शिफ्ट कर इसकी अवधि बढ़ाई गई है।
नए पंचांग के अनुसार सत्र में कुल 237 कार्यदिवस होंगे, जबकि कुल 126 अवकाश रहेंगे, जिनमें 69 सामान्य अवकाश, 52 रविवार, 4 शैक्षिक सम्मेलन अवकाश और 1 संस्था प्रधान (एचएम पावर) अवकाश शामिल है। साथ ही, 2 अवकाश जिला कलेक्टर के विवेकाधीन भी रहेंगे। इस बार संस्था प्रधान को मिलने वाले अवकाश में भी कटौती की गई है, जो पहले 2 दिन था, अब घटाकर 1 दिन कर दिया गया है। ग्रीष्मकालीन अवकाश में कटौती को लेकर शिक्षक संगठनों ने विरोध जताया है और सरकार से स्पष्ट आदेश जारी करने की मांग की है।
विभाग ने सर्दी के मौसम को ध्यान में रखते हुए शीतकालीन अवकाश को जनवरी में स्थानांतरित कर दिया है। पहले यह अवकाश 31 दिसंबर से 5 जनवरी तक होता था, लेकिन अब इसे बढ़ाकर 31 दिसंबर से 10 जनवरी तक कर दिया गया है। शिक्षामंत्री मदन दिलावर ने कहा कि बदलते मौसम के कारण सर्दी जनवरी में अधिक पड़ती है, जिससे बार-बार अतिरिक्त अवकाश घोषित करना पड़ता था, इसलिए यह बदलाव किया गया है। नए सत्र की शुरुआत 1 अप्रैल से होगी।
ग्रीष्मकालीन अवकाश 17 मई से 20 जून तक रहेगा, जबकि मध्यावधि अवकाश 4 से 15 नवंबर तक निर्धारित किया गया है। इसके अलावा जिला स्तरीय शैक्षिक सम्मेलन 18-19 सितंबर और राज्य स्तरीय सम्मेलन 27-28 नवंबर को आयोजित होंगे। परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार पहला टेस्ट 13 से 15 मई, दूसरा टेस्ट 17 से 19 अगस्त, अर्द्धवार्षिक परीक्षा 15 से 29 अक्टूबर और वार्षिक परीक्षा 8 से 20 मार्च तक आयोजित की जाएगी।