



जयपुर। सवाई मानसिंह हॉस्पिटल में आरजीएचएस (राजस्थान गवर्नमेंट हेल्थ स्कीम) की व्यवस्थाओं पर उस समय सवाल खड़े हो गए, जब पूर्व चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा को एमआरआई जांच के लिए नकद भुगतान करना पड़ा। कैशलेस सुविधा नहीं मिलने पर उन्होंने अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई।
जानकारी के अनुसार 23 मार्च को पूर्व चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा रूटीन चेकअप के लिए एसएमएस अस्पताल पहुंचे थे। डॉक्टर द्वारा एमआरआई जांच लिखे जाने के बाद जब वे जांच करवाने पहुंचे, तो आरजीएचएस के तहत TID जनरेट करवाने के लिए धन्वंतरी ब्लॉक जाने को कहा गया। इस प्रक्रिया से वे असंतुष्ट हो गए।
व्यवस्था पर उठाए गंभीर सवाल
पूर्व चिकित्सा मंत्री डॉ. रघु शर्मा ने कहा कि वे स्वयं तो चल-फिर सकते हैं, लेकिन गंभीर मरीज, बुजुर्ग या ट्रॉली पर आए मरीजों के लिए यह प्रक्रिया बेहद परेशान करने वाली है। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या ऐसे मरीजों को भी इसी तरह इधर-उधर भटकना पड़ेगा।
नकद भुगतान कर बाहर करवाई जांच
व्यवस्था से नाराज होकर पूर्व चिकित्सा मंत्री डॉ. शर्मा ने अस्पताल के बाहर स्थित एक निजी डायग्नोस्टिक सेंटर में जाकर ₹3500 नकद देकर एमआरआई जांच करवाई। इस घटना के बाद एसएमएस अस्पताल में आरजीएचएस योजना की जमीनी हकीकत और कैशलेस सुविधा के क्रियान्वयन पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं