



जयपुर: राजस्थान में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा समेत छह कांग्रेस विधायकों के निलंबन के बाद राजनीतिक तनाव गहराता जा रहा है। कांग्रेस विधायकों का पिछले तीन दिन से विधानसभा में धरना जारी है। शनिवार को एक बार फिर संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल और गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम बातचीत के लिए पहुंचे, लेकिन कोई सहमति नहीं बन पाई।
शनिवार को प्रदेशभर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जिला स्तर पर प्रदर्शन किया। सीकर में प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं की पुलिस से झड़प भी हुई।
कांग्रेस ने 24 फरवरी को विधानसभा घेराव की योजना बनाई है। हालांकि अभी तक आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है, लेकिन कांग्रेस नेताओं को इसके लिए तैयार रहने को कहा गया है।
यह विवाद उस समय बढ़ा जब सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री अविनाश गहलोत ने पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी पर एक टिप्पणी की। इस टिप्पणी के विरोध में कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा अध्यक्ष के डायस की ओर बढ़ने का प्रयास किया, जिसके बाद शुक्रवार को इन विधायकों को निलंबित कर दिया गया।
इसके बाद कांग्रेस विधायकों ने सदन में ही रात गुजारी और रामधुन गाकर विरोध जताया। धरने पर बैठे निलंबित विधायक संजय कुमार जाटव और जाकिर हुसैन गैसावत की तबीयत बिगड़ने की खबर भी सामने आई।
सरकार का कहना है कि सदन में अनुशासन बनाए रखना जरूरी है, वहीं कांग्रेस विधायकों का आरोप है कि सरकार उनकी आवाज दबाने की कोशिश कर रही है। अब सभी की नजरें 24 फरवरी को संभावित विधानसभा घेराव पर टिकी हैं, जिससे प्रदेश की राजनीति और गरमा सकती है।