Monday, 24 August 2026

निकाय-पंचायती राज चुनाव के लिए कांग्रेस ने बनाई प्रदेश स्तरीय समन्वय एवं शिकायत निवारण समिति, 11 नेताओं को जिम्मेदारी


निकाय-पंचायती राज चुनाव के लिए कांग्रेस ने बनाई प्रदेश स्तरीय समन्वय एवं शिकायत निवारण समिति, 11 नेताओं को जिम्मेदारी

ख़बर सुनिए:

0:00
0:00
Audio thumbnail

जयपुर। राजस्थान में आगामी नगर निकाय एवं पंचायती राज चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने संगठनात्मक तैयारियां तेज कर दी हैं। राजस्थान प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने चुनाव से जुड़े मामलों में प्रदेश स्तर पर समन्वय स्थापित करने और शिकायतों के निस्तारण के लिए प्रदेश स्तरीय समन्वय एवं शिकायत निवारण समिति का गठन किया है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा के निर्देश पर संगठन महासचिव ललित तूनवाल ने 24 अगस्त 2026 को समिति के गठन का आदेश जारी किया।

रामसिंह कसवा को बनाया प्रभारी

प्रदेश कांग्रेस की ओर से गठित समिति में रामसिंह कसवा को प्रभारी बनाया गया है। इसके अलावा 10 नेताओं को समिति में सदस्य के रूप में शामिल किया गया है।

समिति में अयूब खान, ताराचंद सैनी, डॉ. अर्चना सुराणा, कुलदीप पूनिया, नितिन व्यास, राजेंद्र यादव, प्रभु सिंह राठौड़, पंकज दाधीच, अविकुल शर्मा और श्रीराम गुर्जर को सदस्य बनाया गया है।

प्रदेश मुख्यालय से काम करेगी समिति

कांग्रेस की यह समिति प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय, जयपु में बैठकर नगर निकाय और पंचायती राज चुनावों से संबंधित मामलों पर काम करेगी।

समिति की जिम्मेदारी चुनाव के दौरान प्रदेशभर से आने वाली शिकायतों को देखना, संबंधित संगठनात्मक पदाधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित करना और महत्वपूर्ण मामलों को प्रदेश नेतृत्व तक पहुंचाना होगी।

चुनावी शिकायतों के निस्तारण पर रहेगा फोकस

नगर निकाय और पंचायती राज चुनावों में प्रत्याशी चयन, संगठनात्मक समन्वय, स्थानीय स्तर पर उत्पन्न विवाद और अन्य चुनाव संबंधी शिकायतें सामने आने की संभावना रहती है। ऐसे मामलों को व्यवस्थित तरीके से प्रदेश स्तर पर देखने के उद्देश्य से कांग्रेस ने अलग समिति बनाई है।

समिति प्रदेश कांग्रेस नेतृत्व और जिला एवं स्थानीय इकाइयों के बीच समन्वय की कड़ी के रूप में भी काम करेगी।

निकाय चुनाव से पहले कांग्रेस की तैयारियां तेज

कांग्रेस इससे पहले भी नगर निकाय चुनाव के लिए विधानसभा क्षेत्रों में चुनाव समन्वयकों की नियुक्ति कर चुकी है। अब प्रदेश स्तरीय समन्वय एवं शिकायत निवारण समिति के गठन के साथ पार्टी ने चुनावी प्रबंधन का एक और स्तर तैयार कर दिया है।

निकाय और पंचायती राज चुनावों को लेकर टिकट के दावेदारों की बढ़ती संख्या तथा स्थानीय स्तर पर संगठनात्मक गतिविधियों के बीच इस समिति की भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

Previous
Next

Related Posts