



सहारा न्यूज नेटवर्क के पूर्व कर्मचारी की शिकायत पर सूरजपुर जिला न्यायालय की कार्रवाई; आरोप- वेतन से PF और TDS कटे, लेकिन संबंधित राशि जमा नहीं हुई
नोएडा। सहारा न्यूज नेटवर्क की मुश्किलें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। कर्मचारियों के वेतन संकट, बकाया भुगतान और लंबे समय से चल रहे विरोध-प्रदर्शन के बीच अब PF और TDS कटौती से जुड़े एक मामले में सूरजपुर जिला न्यायालय ने सहारा न्यूज नेटवर्क, जेबी रॉय और CEO सुमित रॉय के खिलाफ नोटिस जारी किया है।
मामले में संबंधित पक्षों को 17 अगस्त को पेश होने के लिए कहा गया है। यह मामला सहारा न्यूज नेटवर्क में वर्ष 2020 से 2023 तक काम कर चुके पूर्व कर्मचारी सलमान की ओर से करीब एक साल पहले दाखिल किया गया था।
मामले में आरोप लगाया गया है कि कर्मचारी के वेतन से PF और TDS की कटौती की गई, लेकिन संबंधित रकम नियमानुसार जमा नहीं की गई।
याचिकाकर्ता पक्ष का कहना है कि कटौती के बावजूद राशि जमा न होने के कारण कर्मचारी को आर्थिक और वैधानिक नुकसान उठाना पड़ा।
मामले से जुड़े दावों के अनुसार एक सुनवाई में सहारा की लीगल टीम कोर्ट में उपस्थित हुई थी। उस दौरान जल्द समझौते की बात कहते हुए अगली तारीख ली गई।
आरोप है कि इसके बाद कंपनी की ओर से आगे की सुनवाई में न तो प्रभावी जवाब दिया गया और न ही नियमित पैरवी की गई। इसी के बाद अदालत ने मामले को गंभीरता से लेते हुए नया नोटिस जारी किया।
बताया जा रहा है कि नोटिस में संबंधित पक्षों को तय तारीख पर उपस्थित होने और मामले को नजरअंदाज नहीं करने की बात कही गई है।
सहारा न्यूज नेटवर्क से जुड़े कर्मचारियों के वेतन और बकाये का मुद्दा पहले से विवादों में रहा है। कर्मचारियों की ओर से लंबे समय से वेतन भुगतान और लंबित देयों को लेकर असंतोष जताया जाता रहा है।
कई मौकों पर कर्मचारियों ने धरना-प्रदर्शन भी किए हैं। ऐसे समय में PF और TDS कटौती से जुड़ा यह मामला सामने आने से कंपनी के लिए एक और कानूनी चुनौती खड़ी हो गई है।
सहारा समूह के कर्मचारियों के बकाये और वेतन संबंधी दावे भी राष्ट्रीय स्तर पर न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा बने हुए हैं। जुलाई 2026 में सुप्रीम कोर्ट की विशेष पीठ ने सहारा कर्मचारियों के मौद्रिक दावों को अलग श्रेणी में रखकर उनकी सुनवाई के निर्देश दिए थे। ऐसे में PF, वेतन, बकाया और अन्य मौद्रिक दावों से जुड़े मामलों पर कर्मचारियों की नजर बनी हुई है।
अब सूरजपुर जिला न्यायालय में 17 अगस्त की सुनवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है। एक ओर कर्मचारियों के वेतन और बकाये का संकट है, वहीं दूसरी ओर PF और TDS से जुड़ा मामला कानूनी रूप से आगे बढ़ रहा है।
फिलहाल मामले में लगाए गए आरोपों पर संबंधित पक्षों का विस्तृत जवाब सामने आना बाकी है। अदालत में पेशी और आगे की सुनवाई के बाद ही मामले की अगली दिशा स्पष्ट होगी।

