



भाजपा ने पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद सतीश पूनिया को सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, बोले- पार्टी ने जो भूमिका दी, पूरी शिद्दत से निभाई, अब सकारात्मक परिणाम देना लक्ष्य
जयपुर। राजस्थान भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद सतीश पूनिया को भारतीय जनता पार्टी में राष्ट्रीय महामंत्री की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी मिलने के बाद उन्होंने अपनी राजनीतिक यात्रा, विधानसभा चुनाव में मिली हार और हरियाणा में संगठनात्मक जिम्मेदारी को लेकर प्रतिक्रिया दी है। पूनिया ने कहा कि पार्टी ने उन्हें जब भी जो भूमिका दी, उन्होंने उसे पूरी शिद्दत से निभाने का प्रयास किया है।
पूनिया ने कहा कि अब राष्ट्रीय महामंत्री के रूप में भी उनका लक्ष्य पार्टी की ओर से दिए जाने वाले निर्देशों और जिम्मेदारियों को पूरा करते हुए सकारात्मक परिणाम देना रहेगा।
राष्ट्रीय महामंत्री बनाए जाने पर सतीश पूनिया ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि संगठन ने समय-समय पर उन्हें अलग-अलग जिम्मेदारियां दी हैं।
उन्होंने कहा कि पार्टी की ओर से मिलने वाली जिम्मेदारी उनके लिए पद से ज्यादा संगठन के प्रति दायित्व है। राष्ट्रीय स्तर पर जो भी कार्य और जिम्मेदारी दी जाएगी, उसे पूरी प्रतिबद्धता के साथ निभाने का प्रयास करेंगे।
विधानसभा चुनाव में मिली हार को लेकर भी सतीश पूनिया ने खुलकर बात की। उन्होंने स्वीकार किया कि चुनाव परिणाम के बाद कुछ समय के लिए उन्हें निराशा हुई थी।
पूनिया ने कहा, “मैं भी इंसान हूं, इसलिए कुछ क्षणों के लिए मुझे भी निराशा हुई थी। मैं भावुक व्यक्ति हूं, लेकिन राजनीति और पार्टी में संयम का बहुत बड़ा स्थान है।”
उन्होंने कहा कि राजनीति में हार और जीत दोनों ही यात्रा का हिस्सा हैं। किसी चुनाव का परिणाम राजनीतिक और संगठनात्मक जीवन की दिशा तय करने वाला अंतिम पड़ाव नहीं होता।
हरियाणा विधानसभा चुनाव में मिली संगठनात्मक जिम्मेदारी का जिक्र करते हुए पूनिया ने कहा कि वहां काम करने के दौरान उन्हें काफी कुछ सीखने का अवसर मिला।
उन्होंने कहा कि चुनावी राजनीति में हार और जीत होती रहती है, लेकिन निराशा स्थाई नहीं होती। राजनीतिक कार्यकर्ता को परिस्थितियों से सीखकर आगे बढ़ना होता है।
हरियाणा में संगठन के लिए काम करने के अनुभव को उन्होंने अपनी राजनीतिक यात्रा का महत्वपूर्ण हिस्सा बताया।
राष्ट्रीय स्तर पर नई जिम्मेदारी मिलने के बावजूद सतीश पूनिया ने राजस्थान से जुड़े संगठनात्मक और जनहित के मुद्दों पर सक्रिय रहने की बात कही।
उन्होंने कहा कि राजस्थान में भाजपा संगठन को और मजबूत करने की दिशा में काम किया जाएगा। पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ संवाद और संगठन के विस्तार पर भी उनका फोकस रहेगा।
राज्यसभा सांसद के रूप में सतीश पूनिया ने राजस्थान से जुड़े मुद्दों को केंद्र सरकार तक पहुंचाने की प्रतिबद्धता भी दोहराई।
उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास और जनहित से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को राज्यसभा के माध्यम से केंद्र सरकार के सामने रखा जाएगा। राष्ट्रीय संगठन में जिम्मेदारी के साथ राजस्थान के हितों से जुड़े मुद्दों पर भी वे सक्रिय रहेंगे।
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम में पूनिया को महामंत्री बनाए जाने को राजस्थान के लिहाज से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। प्रदेशाध्यक्ष से लेकर राष्ट्रीय संगठन तक पहुंची उनकी राजनीतिक यात्रा के बाद अब उनके सामने पार्टी की राष्ट्रीय स्तर की संगठनात्मक जिम्मेदारियां रहेंगी।