



बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है, जहां नए मुख्यमंत्री के रूप में सम्राट चौधरी का नाम लगभग तय माना जा रहा है। आज होने वाली भाजपा विधायक दल की बैठक में इस पर औपचारिक मुहर लग सकती है। इस महत्वपूर्ण बैठक में पार्टी के वरिष्ठ नेता और राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान भी शामिल होंगे। इसके बाद शाम 4 बजे होने वाली एनडीए (NDA) की बैठक में अंतिम निर्णय लिया जाएगा और नए मुख्यमंत्री के नाम का औपचारिक ऐलान किया जाएगा।
दूसरी ओर पिछले लगभग 20 वर्षों से बिहार की राजनीति के केंद्र में रहे नीतीश कुमार अपने पद से इस्तीफा देने जा रहे हैं। जानकारी के अनुसार, वे दोपहर करीब 3 बजे राजभवन जाकर राज्यपाल को अपना इस्तीफा सौंपेंगे। उनके इस्तीफे के साथ ही बिहार में एक नए राजनीतिक अध्याय की शुरुआत होगी।
इस्तीफे से पहले नीतीश कुमार ने अपनी कैबिनेट की आखिरी बैठक की अध्यक्षता की। इस दौरान उन्होंने भावुक होते हुए कहा कि वर्ष 2005 में जब उन्होंने सरकार संभाली थी, तब से लेकर अब तक उन्होंने अपनी पूरी क्षमता से राज्य के विकास के लिए कार्य किया है। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाली नई सरकार को उनका मार्गदर्शन मिलता रहेगा।
इससे पहले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मिलकर डॉ. भीमराव आंबेडकर को श्रद्धांजलि अर्पित की। वहीं, मुख्यमंत्री आवास पर सुबह से ही राजनीतिक गतिविधियां तेज रहीं, जहां जदयू (JDU) के वरिष्ठ नेता लगातार नीतीश कुमार से मुलाकात करते नजर आए। सम्राट चौधरी ने भी मुख्यमंत्री से अलग से मुलाकात की, जिससे सियासी हलचल और तेज हो गई।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बदलाव बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हो सकता है। नए नेतृत्व के साथ राज्य की नीतियों और प्रशासनिक प्राथमिकताओं में भी बदलाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल, सभी की नजरें आज होने वाली बैठकों और आधिकारिक घोषणा पर टिकी हुई हैं, जिससे बिहार के अगले मुख्यमंत्री के नाम पर अंतिम मुहर लगेगी।