



नई दिल्ली। राजस्थान ने ‘हर घर जल’ के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए जल जीवन मिशन (JJM) 2.0 के तहत भारत सरकार के जल शक्ति मंत्रालय के साथ समझौता ज्ञापन (MoU) साइन किया है। इसके साथ ही राजस्थान देश का पहला राज्य बन गया है जिसने नई गाइडलाइन्स के तहत यह एमओयू किया है।
यह एमओयू मंगलवार को नई दिल्ली स्थित जल शक्ति मंत्रालय में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री सीआर पाटिल, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री कन्हैया लाल की उपस्थिति में हस्ताक्षरित किया ।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने इस उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि राज्य सरकार ने जनता के हित में इस योजना के विस्तार का आग्रह किया था, जिसे केंद्र सरकार ने स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने कहा कि यह समझौता प्रदेश में जल आपूर्ति व्यवस्था को सुदृढ़ करने और हर घर तक स्वच्छ पेयजल पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार के बेहतर समन्वय से मिशन को नई गति मिलेगी। इस पहल से दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में भी स्वच्छ जल की उपलब्धता सुनिश्चित होगी, जिससे विशेष रूप से महिलाओं के जीवन स्तर में सुधार आएगा और दैनिक जीवन अधिक सुरक्षित व सहज बनेगा।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में जल जीवन मिशन के विस्तारित स्वरूप को स्वीकृति मिलने के बाद इसे अधिक प्रभावी, जवाबदेह और पारदर्शी बनाने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है। यह एमओयू ग्रामीण परिवारों को नल के माध्यम से नियमित और गुणवत्तापूर्ण जल आपूर्ति सुनिश्चित करने, सेवा गुणवत्ता में सुधार और समयबद्ध लक्ष्य प्राप्ति में सहायक होगा।
कार्यक्रम में केंद्रीय जल शक्ति राज्य मंत्री वी. सोमन्ना, जलदाय विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अखिल अरोड़ा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।