



नई दिल्ली। दस राज्यों की 37 राज्यसभा सीटों के लिए हो रहे चुनाव में सात राज्यों के 26 उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हो गए हैं। इनमें एनसीपी (शरद गुट) के प्रमुख शरद पवार, कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी और केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले जैसे प्रमुख राजनीतिक चेहरे शामिल हैं।
कई राज्यों में विपक्षी दलों द्वारा उम्मीदवार नहीं उतारे जाने के कारण इन नेताओं का निर्विरोध चयन संभव हुआ। चुनावी गणित और राजनीतिक समीकरणों के चलते इन सीटों पर मतदान की आवश्यकता नहीं पड़ी और उम्मीदवारों को सीधे ही राज्यसभा के लिए निर्वाचित घोषित कर दिया गया।
हालांकि सभी सीटों पर स्थिति एक जैसी नहीं है। बिहार, ओडिशा और हरियाणा की कुल 11 सीटों पर मुकाबला होना तय है। इन राज्यों में अतिरिक्त उम्मीदवारों के मैदान में उतरने के कारण चुनाव कराया जाएगा।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार कुछ राज्यों में सत्तारूढ़ दलों की मजबूत स्थिति और विपक्ष की रणनीति के कारण कई सीटों पर निर्विरोध निर्वाचन संभव हुआ है। शेष सीटों पर होने वाला मतदान राज्यसभा के नए सदस्यों की अंतिम तस्वीर तय करेगा।