Wednesday, 11 February 2026

कानून-व्यवस्था को मजबूती का रोडमैप: बजट 2026 में नई चौकियां, साइबर थाने और अभय कमांड सेंटर


कानून-व्यवस्था को मजबूती का रोडमैप: बजट 2026 में नई चौकियां, साइबर थाने और अभय कमांड सेंटर

ख़बर सुनिए:

0:00
0:00
Audio thumbnail

जयपुर। राजस्थान बजट 2026–27 में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए व्यापक घोषणाएं की गई हैं। सरकार ने ग्रामीण और नवगठित जिलों में सुरक्षा ढांचे को मजबूत करने, महिलाओं की सुरक्षा बढ़ाने और साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण के लिए बहुस्तरीय रणनीति पेश की है। बजट के अनुसार, कई नई पुलिस चौकियां खोली जाएंगी, कुछ चौकियों को पुलिस थाने में अपग्रेड किया जाएगा, नवगठित जिलों में अभय कमांड सेंटर स्थापित होंगे और राज्य-स्तरीय साइबर क्राइम कंट्रोल सेंटर की स्थापना की जाएगी।

नवगठित 8 जिलों में अभय कमांड एवं कंट्रोल सेंटर स्थापित करने के लिए आधारभूत विकास पर 40 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। साथ ही, मौजूदा कमांड सेंटर में तीन माह के वीडियो डेटा संधारण, आईटी इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार और AI आधारित वीडियो एनालिटिक्स सिस्टम के लिए 250 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं। अनुसूचित जाति/जनजाति मामलों के बेहतर निस्तारण हेतु नवगठित जिलों में एससी/एसटी वृत्त कार्यालय भी खोले जाएंगे। मानव तस्करी की रोकथाम के लिए एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग (AHT) यूनिट्स की स्थापना का भी ऐलान किया गया है।

महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए 100 पुलिस थानों में महिला बैरक विकसित की जाएंगी। साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों से निपटने के लिए वर्ष 2030 तक सभी पुलिस जिलों में साइबर पुलिस स्टेशन स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। इस क्रम में जोधपुर ग्रामीण, जयपुर ग्रामीण, कोटा ग्रामीण, जोधपुर आयुक्तालय में एक अतिरिक्त तथा जयपुर आयुक्तालय में दो अतिरिक्त साइबर थाने खोले जाएंगे। डिजिटल अरेस्ट जैसी ठगी से बचाव के लिए राजस्थान साइबर क्राइम कंट्रोल सेंटर (R4C) स्थापित होगा, जिसमें AI आधारित विश्लेषण और हेल्पलाइन-1930 के लिए कॉल सेंटर की व्यवस्था होगी; भवन निर्माण एवं अन्य कार्यों पर 100 करोड़ रुपये प्रस्तावित हैं।

नई पुलिस चौकियां—कहां-कहां

  • राजपुरिया (प्रतापगढ़)

  • भनोखर (कठूमर) व मालपुर (गोविन्दगढ़) – अलवर

  • कादेड़ा (चाकसू), बोबास (झोटवाड़ा), त्रिवेणी नगर (सांगानेर) – जयपुर

  • ल्हास (मनोहरथाना) – झालावाड़

  • सांजू (डेगाना) – नागौर

  • बरार (भीम) – राजसमंद

  • गैंता (पीपल्दा), कैथून खेड़ा-रसूलपुर तिराहे (लाडपुरा) – कोटा

  • पालरा औद्योगिक क्षेत्र (पुष्कर), माकड़वाली – अजमेर

  • आडसर (श्रीडूंगरगढ़) – बीकानेर

  • मांगता (गुढ़ामलानी), रामदेरिया – बाड़मेर

चौकियां जो बनेंगी पुलिस थाना

  • तरनाऊ (जायल) – नागौर

  • गिलूण्ड – राजसमंद

  • मामेर (झाड़ोल), आयड़ – उदयपुर

  • तिंवरी (औंसिया) – जोधपुर

  • बालाजी पुलिस चौकी (उदयपुरवाटी) – झुंझुनूं

नवीन पुलिस थाना

  • रामपुरा डाबड़ी (आमेर) – जयपुर

इन घोषणाओं के साथ सरकार का दावा है कि ग्रामीण-शहरी दोनों क्षेत्रों में प्रतिक्रिया समय कम होगा, निगरानी तंत्र आधुनिक बनेगा और साइबर-अपराध सहित संगठित अपराधों पर अंकुश लगेगा। अब निगाहें क्रियान्वयन की गति और समयबद्धता पर रहेंगी।

Previous
Next

Related Posts