



जयपुर। जयपुर में ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर साइबर ठगी करने वाले गिरोह के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। शिप्रा पथ थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने भांकरोटा इलाके में संचालित एक फर्जी गेमिंग कॉल सेंटर का भंडाफोड़ करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में आरोपियों से जुड़े बैंक खातों में एक करोड़ रुपए से अधिक के संदिग्ध लेन-देन का खुलासा हुआ है।
डीसीपी साउथ राजर्षि राज ने बताया कि साइबर ठगी से जुड़े मामलों की जांच के दौरान आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन 1930 पोर्टल पर आठ शिकायतें दर्ज मिली हैं। ये शिकायतें अलग-अलग राज्यों के पीड़ितों की ओर से दर्ज कराई गई हैं। इससे पुलिस को आशंका है कि गिरोह ने बड़े स्तर पर लोगों को साइबर ठगी का शिकार बनाया है।
पुलिस के अनुसार, दर्ज शिकायतों में से एक मामले में पीड़ित से 2.50 लाख रुपए की साइबर ठगी किए जाने का खुलासा हुआ है। वहीं, आरोपियों से जुड़े बैंक खातों और ट्रांजेक्शन की जांच की गई तो एक करोड़ रुपए से अधिक का संदिग्ध लेन-देन सामने आया। पुलिस अब इन ट्रांजेक्शन की विस्तृत जांच कर यह पता लगाने में जुटी है कि ठगी की वास्तविक रकम कितनी है और गिरोह के तार किन-किन राज्यों तक जुड़े हुए हैं।
पुलिस ने मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनमें सेड़वा, बाड़मेर निवासी रमेश कुमार (25), जोधपुर निवासी नैनाराम (35), धोरीमन्ना, बालोतरा निवासी कृष्ण कुमार (24), सेड़वा, बाड़मेर निवासी पप्पूराम (25) और धोरीमन्ना, बालोतरा निवासी प्रवीण कुमार (21) शामिल हैं।
पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर फर्जी गेमिंग कॉल सेंटर के पूरे नेटवर्क, बैंक खातों, साइबर ठगी से प्राप्त रकम और गिरोह से जुड़े अन्य लोगों के संबंध में जानकारी जुटा रही है। साथ ही, राष्ट्रीय साइबर हेल्पलाइन पोर्टल पर दर्ज शिकायतों और बैंक ट्रांजेक्शन का मिलान कर अन्य पीड़ितों की पहचान भी की जा रही है।