



राजस्थान विश्वविद्यालय में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की, उदयपुर में ABVP-NSUI कार्यकर्ता आमने-सामने, सरकार को उग्र आंदोलन की चेतावनी
जयपुर। राजस्थान में छात्रसंघ चुनाव बहाल करने की मांग को लेकर आंदोलन तेज हो गया है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद ने गुरुवार को प्रदेशभर के विश्वविद्यालयों और महाविद्यालयों में प्रदर्शन किया। जयपुर स्थित राजस्थान विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर ABVP और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी से जुड़े कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर छात्रसंघ चुनाव कराने की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान कुछ ABVP कार्यकर्ता विश्वविद्यालय के मुख्य गेट पर चढ़ गए और नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी जब विश्वविद्यालय परिसर से निकलकर जेएलएन मार्ग की ओर बढ़े तो पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की हुई।
पुलिस ने ABVP के विश्वविद्यालय राष्ट्रीय संयोजक भारत भूषण यादव सहित 36 से अधिक विद्यार्थियों को हिरासत में लिया। पुलिस के अनुसार प्रदर्शनकारियों को कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए रोका गया।
राजस्थान विश्वविद्यालय में मूक-बधिर विद्यार्थियों ने भी छात्रसंघ चुनाव और अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। विश्वविद्यालय परिसर में दिनभर छात्र संगठनों की गतिविधियों के कारण तनाव की स्थिति बनी रही।
उदयपुर की मोहनलाल सुखाड़िया विश्वविद्यालय में प्रदर्शन के दौरान ABVP और NSUI के कार्यकर्ता आमने-सामने हो गए। दोनों संगठनों के बीच नारेबाजी के बाद धक्का-मुक्की की स्थिति बनी।
पुलिस ने दोनों पक्षों के कार्यकर्ताओं को अलग कर मामला शांत कराया। घटना में किसी गंभीर चोट की आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है।
जोधपुर की जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर ABVP से जुड़े विद्यार्थियों ने प्रदर्शन किया और छात्रसंघ चुनाव शीघ्र कराने की मांग उठाई।
सीकर की पंडित दीनदयाल उपाध्याय शेखावाटी विश्वविद्यालय में भी ABVP कार्यकर्ताओं ने मुख्य भवन के गेट पर चढ़कर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने सरकार से चुनाव बहाली को लेकर स्पष्ट घोषणा करने की मांग की।
ABVP के विश्वविद्यालय राष्ट्रीय संयोजक भारत भूषण यादव ने कहा कि छात्रसंघ चुनाव विद्यार्थियों की लंबे समय से चली आ रही मांग है। लोकतांत्रिक व्यवस्था में विद्यार्थियों को अपना प्रतिनिधि चुनने का अधिकार मिलना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व कांग्रेस सरकार ने छात्रसंघ चुनाव बंद कर विद्यार्थियों की आवाज दबाई थी। सत्ता परिवर्तन के बाद छात्रों को उम्मीद थी कि भाजपा सरकार चुनाव बहाल करेगी, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
ABVP ने चेतावनी दी है कि छात्रसंघ चुनाव बहाल नहीं किए गए तो संगठन प्रदेशभर में भाजपा सरकार के खिलाफ आंदोलन तेज करेगा।
संगठन ने जयपुर से प्रदेशव्यापी आंदोलन शुरू करने की घोषणा करते हुए कहा कि आगामी दिनों में विश्वविद्यालय और जिला स्तर पर चरणबद्ध प्रदर्शन किए जाएंगे।
राजस्थान में छात्रसंघ चुनाव की मांग को लेकर पिछले कुछ समय से लगातार आंदोलन हो रहे हैं। NSUI भी चुनाव बहाली के लिए प्रदर्शन कर चुकी है, जबकि निर्दलीय छात्र नेता अलग-अलग स्तर पर आंदोलन कर रहे हैं।
छात्र नेता शुभम रेवाड़ का आमरण अनशन भी इस मुद्दे को लेकर चर्चा में रहा। अब ABVP के प्रदेशव्यापी प्रदर्शन के बाद छात्रसंघ चुनाव का मुद्दा और अधिक राजनीतिक होता दिखाई दे रहा है।
प्रदेश के प्रमुख छात्र संगठनों के एक के बाद एक आंदोलन में उतरने से राज्य सरकार पर छात्रसंघ चुनाव बहाल करने को लेकर दबाव बढ़ सकता है।
फिलहाल सरकार की ओर से चुनाव बहाली या संभावित कार्यक्रम पर कोई स्पष्ट घोषणा सामने नहीं आई है। अंतिम स्थिति उच्च शिक्षा विभाग और राज्य सरकार के आधिकारिक निर्णय के बाद स्पष्ट होगी।
