



जयपुर वेस्ट की मानव तस्करी यूनिट और दौलतपुरा थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई, आरोपी फैक्ट्री संचालक की तलाश जारी
जयपुर। जयपुर वेस्ट पुलिस की मानव तस्करी विरोधी यूनिट और दौलतपुरा थाना पुलिस ने बाल श्रम के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक फैक्ट्री से पांच बाल श्रमिकों को मुक्त कराया है। पुलिस ने फैक्ट्री संचालक के विरुद्ध संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
डीसीपी वेस्ट प्रशांत किरण ने बताया कि बाल श्रम, बंधुआ मजदूरी और मानव तस्करी की रोकथाम के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत सभी थाना प्रभारियों को प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए थे।
पुलिस को सूचना मिली थी कि दौलतपुरा थाना क्षेत्र में हरे कृष्णा होटल के पीछे स्थित KJUND Enterprises में नाबालिग बच्चों से काम कराया जा रहा है। सूचना के आधार पर दौलतपुरा थाना पुलिस और मानव तस्करी यूनिट की संयुक्त टीम ने फैक्ट्री परिसर में दबिश दी।
कार्रवाई के दौरान वहां पांच बच्चे काम करते मिले। पुलिस ने सभी बाल श्रमिकों को मुक्त कराकर संरक्षण और पुनर्वास की आवश्यक प्रक्रिया शुरू की।
प्रारंभिक जांच के बाद पुलिस ने फैक्ट्री संचालक के खिलाफ बाल श्रम से संबंधित कानूनों के तहत मुकदमा दर्ज किया है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर तलाश की जा रही है।
पुलिस यह भी पता लगा रही है कि बच्चों को किस माध्यम से फैक्ट्री तक लाया गया, उनसे कितने समय से काम कराया जा रहा था और उन्हें निर्धारित मजदूरी दी जा रही थी या नहीं। मामले में किसी बिचौलिए अथवा अन्य व्यक्ति की भूमिका सामने आने पर उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
मुक्त कराए गए बच्चों की आयु, पहचान और पारिवारिक पृष्ठभूमि का सत्यापन कराया जा रहा है। संबंधित बाल कल्याण संस्थाओं और प्रशासनिक अधिकारियों के सहयोग से उनकी काउंसलिंग, चिकित्सा परीक्षण तथा सुरक्षित पुनर्वास की व्यवस्था की जाएगी।
पुलिस अधिकारियों ने औद्योगिक एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को चेतावनी दी है कि बच्चों से श्रम कराना कानूनन अपराध है। इस प्रकार की गतिविधियों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।