Tuesday, 21 July 2026

‘नई दिशा’ केवल मेला नहीं, महिलाओं के सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण का अभियान: नित्या पाठक


‘नई दिशा’ केवल मेला नहीं, महिलाओं के सम्मान और आर्थिक सशक्तिकरण का अभियान: नित्या पाठक

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टोंक में महिला सशक्तिकरण मीडिया संवाद आयोजित, वाल्मीकि समाज की महिलाओं ने लगाई स्वनिर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी

टोंक। सुलभ इंटरनेशनल की कार्यकारी संयोजक नित्या पाठक ने कहा कि ‘नई दिशा’ केवल एक मेला नहीं, बल्कि महिलाओं के सम्मान, स्वाभिमान और आर्थिक सशक्तिकरण का व्यापक अभियान है। संस्था का उद्देश्य इस पहल को प्रत्येक जिले और गांव तक पहुंचाकर महिलाओं को कौशल विकास, रोजगार और गरिमापूर्ण जीवन के अवसर उपलब्ध कराना है।

नित्या पाठक टोंक में आयोजित ‘नई दिशा’ मेला एवं महिला सशक्तिकरण मीडिया संवाद कार्यक्रम को संबोधित कर रही थीं। उन्होंने कहा कि जनवरी 2026 में अलवर में आयोजित पहले ‘नई दिशा’ मेले की सफलता ने यह प्रमाणित किया कि महिलाओं को उचित अवसर, प्रशिक्षण और सम्मान मिलने पर वे न केवल अपना जीवन बदल सकती हैं, बल्कि समाज को भी नई दिशा दे सकती हैं।

डॉ. विंदेश्वर पाठक को किया याद

कार्यक्रम में सुलभ इंटरनेशनल के संस्थापक स्वर्गीय डॉ. विंदेश्वर पाठक को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए नित्या पाठक ने कहा कि वर्ष 2003 में शुरू की गई ‘नई दिशा’ पहल ने मैला ढोने जैसी अमानवीय प्रथा से जुड़ी महिलाओं को सम्मानजनक जीवन की राह दिखाई।

उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से महिलाओं को विभिन्न प्रकार का प्रशिक्षण देकर आत्मनिर्भर बनाया गया। कभी सामाजिक भेदभाव और कठिन परिस्थितियों का सामना करने वाली कई महिलाएं आज सफल उद्यमी बन चुकी हैं और अन्य महिलाओं के लिए प्रेरणा का कार्य कर रही हैं।

पद्मश्री उषा चोमर का दिया उदाहरण

नित्या पाठक ने पद्मश्री उषा चोमर की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी सफलता इस बात का प्रमाण है कि पर्याप्त अवसर और सहयोग मिलने पर प्रत्येक महिला नई ऊंचाइयों को प्राप्त कर सकती है।

उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि महिलाओं को शिक्षा, कौशल, सम्मान और निर्णय लेने की स्वतंत्रता भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए।

देशभर में बढ़ाए जाएंगे ‘नई दिशा’ केंद्र

कार्यकारी संयोजक ने कहा कि सुलभ इंटरनेशनल देशभर में ‘नई दिशा’ केंद्रों का विस्तार करेगा। इन केंद्रों के माध्यम से महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण, स्वरोजगार और आर्थिक आत्मनिर्भरता से जोड़ने के लिए निरंतर कार्य किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि संस्था का प्रयास है कि समाज के वंचित और कमजोर वर्गों की महिलाओं को मुख्यधारा से जोड़ते हुए उनके लिए सम्मानजनक आजीविका के स्थायी अवसर तैयार किए जाएं।

वाल्मीकि समाज की महिलाओं के सशक्तिकरण पर संवाद

मीडिया से बातचीत के दौरान नित्या पाठक ने वाल्मीकि समाज की महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन, सामाजिक सशक्तिकरण और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ने के लिए सुलभ इंटरनेशनल द्वारा किए जा रहे प्रयासों एवं उपलब्धियों की जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि महिलाओं को प्रशिक्षण और बाजार उपलब्ध कराने से उनकी आय बढ़ने के साथ आत्मविश्वास भी मजबूत होता है। इससे परिवार और समाज में उनकी भागीदारी अधिक प्रभावी बनती है।

महिलाओं ने लगाई उत्पादों की प्रदर्शनी

कार्यक्रम के दौरान वाल्मीकि समाज की महिलाओं द्वारा तैयार किए गए विभिन्न उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई गई। नित्या पाठक ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और महिलाओं से उनके उत्पादों, प्रशिक्षण तथा रोजगार गतिविधियों के बारे में जानकारी ली।

उन्होंने महिलाओं को बधाई देते हुए कहा कि वाल्मीकि समाज की महिलाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने का संस्था का सपना अब साकार होता दिखाई दे रहा है। उन्होंने कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए सभी प्रतिभागियों, महिलाओं, सहयोगियों और आयोजन से जुड़े लोगों का आभार व्यक्त किया।

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