



जयपुर। पूर्व शिक्षा मंत्री डॉ. बीडी कल्ला ने 17 जुलाई को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से मुलाकात कर बीकानेर क्षेत्र की दो प्रमुख जनसमस्याओं से अवगत कराया। उन्होंने रेलवे फाटकों के कारण लंबे समय से हो रही परेशानी का स्थायी समाधान कराने और अराजीराज घोषित पारंपरिक गोचर भूमि को पुनः गोचर भूमि के रूप में बहाल करने की मांग रखी।
डॉ. कल्ला ने दोनों विषयों से संबंधित ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपे। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री ने मामलों पर त्वरित और सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
डॉ. बीडी कल्ला ने कहा कि बीकानेर शहर में रेलवे फाटकों के बार-बार बंद होने से आमजन को लंबे समय तक जाम और आवागमन संबंधी परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने समस्या के स्थायी समाधान के लिए आवश्यक स्थानों पर अंडरपास का निर्माण कराने की मांग की। उनका कहना था कि अंडरपास बनने से यातायात सुगम होगा और रेलवे फाटकों पर लगने वाले जाम से लोगों को राहत मिलेगी।
पूर्व शिक्षा मंत्री ने बीकानेर क्षेत्र की उस पारंपरिक गोचर भूमि का मुद्दा भी मुख्यमंत्री के सामने उठाया, जिसे अराजीराज घोषित कर दिया गया है।
उन्होंने ज्ञापन के माध्यम से मांग की कि संबंधित भूमि को पुनः गोचर भूमि के रूप में दर्ज और बहाल किया जाए। इससे पशुपालकों को पशुओं के चरने के लिए भूमि उपलब्ध होगी और क्षेत्र की परंपरागत पशुपालन व्यवस्था संरक्षित रह सकेगी।
डॉ. कल्ला के अनुसार, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रेलवे अंडरपास और गोचर भूमि से जुड़े दोनों विषयों को गंभीरता से सुना।
उन्होंने संबंधित विभागों से आवश्यक परीक्षण और कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया। डॉ. कल्ला ने उम्मीद जताई कि सरकार जल्द ठोस निर्णय लेकर बीकानेर की जनता को राहत प्रदान करेगी।
