



जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रविवार को जयपुर के बिड़ला ऑडिटोरियम में लोकमाता पुण्यश्लोक अहिल्याबाई होल्कर की 301वीं जयंती के अवसर पर आयोजित प्रदेश स्तरीय समारोह में भाग लिया। इस अवसर पर उन्होंने अहिल्याबाई होल्कर के जीवन, व्यक्तित्व और समाज सेवा के प्रति उनके योगदान को याद करते हुए कहा कि उनके आदर्श विकसित भारत और विकसित राजस्थान के निर्माण की मजबूत आधारशिला हैं।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि अहिल्याबाई होल्कर ने सुशासन, जनकल्याण, सामाजिक समरसता और महिला सशक्तिकरण का जो उदाहरण प्रस्तुत किया, वह आज भी प्रासंगिक है। उन्होंने कहा कि लोकमाता का जीवन सेवा, त्याग, न्याय और लोकहित के मूल्यों से परिपूर्ण था तथा वर्तमान पीढ़ी को उनके आदर्शों से प्रेरणा लेने की आवश्यकता है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने अहिल्याबाई होल्कर के जीवन और योगदान पर आधारित एक विशेष पुस्तक का विमोचन भी किया। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के साहित्य से युवाओं को इतिहास की महान विभूतियों के संघर्ष, नेतृत्व और राष्ट्र निर्माण में उनकी भूमिका को समझने का अवसर मिलता है।
समारोह में विमुक्त घुमंतू एवं अर्द्ध घुमंतू जनजाति महासंघ की ओर से मुख्यमंत्री का भव्य स्वागत किया गया। महासंघ के प्रतिनिधियों ने 100 फीट लंबी पुष्पमाला पहनाकर मुख्यमंत्री का अभिनंदन किया। कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक संगठनों, जनप्रतिनिधियों और बड़ी संख्या में समाज के लोगों की उपस्थिति रही।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार समाज के सभी वर्गों के विकास और उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है तथा लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर के सुशासन और जनसेवा के सिद्धांतों को आगे बढ़ाने का प्रयास कर रही है। उन्होंने समाज में समरसता, सेवा और राष्ट्रहित की भावना को मजबूत करने का भी आह्वान किया।