



जयपुर। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) द्वारा जल जीवन मिशन (JJM) घोटाले मामले में पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी से पूछताछ दूसरे दिन भी जारी रही। शनिवार को एसीबी ने करीब 8 घंटे तक पूछताछ की, जिसमें उनसे 40 से अधिक सवाल पूछे गए।
एसीबी सूत्रों के अनुसार रिमांड अवधि के दौरान जांच एजेंसी लगातार महेश जोशी से टेंडर प्रक्रिया, विभागीय मंजूरियों, अधिकारियों की भूमिका और कथित अनियमितताओं से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर जानकारी जुटा रही है। शनिवार को हुई पूछताछ के दौरान कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों और तथ्यों को लेकर सवाल किए गए।
सूत्रों का कहना है कि पूछताछ के दौरान महेश जोशी ने अधिकांश सवालों के स्पष्ट जवाब नहीं दिए। हालांकि एसीबी को पूछताछ और दस्तावेजों से कुछ नए तथ्य मिले हैं, जिनके आधार पर जांच का दायरा और बढ़ाया जा सकता है।
जांच एजेंसी अब कथित घोटाले में शामिल अन्य अधिकारियों, ठेकेदारों और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही है। एसीबी का मानना है कि पूछताछ के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर मामले में आगे और कार्रवाई संभव है।
जल जीवन मिशन से जुड़े इस कथित घोटाले में पहले से ही कई अधिकारियों और निजी फर्मों की भूमिका जांच के दायरे में है। एसीबी मामले की वित्तीय और प्रशासनिक परतों की गहन जांच कर रही है।