



जयपुर। राजस्थान में भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी को लेकर एक और बड़ा खुलासा हुआ है। स्पेशल ऑपरेशन्स ग्रुप (SOG) ने REET 2022 शिक्षक भर्ती परीक्षा में डमी कैंडिडेट के जरिए फर्जी तरीके से चयन पाने वाले 30 शिक्षकों के खिलाफ मुकदमे दर्ज किए हैं। इस कार्रवाई से राज्य की भर्ती प्रक्रियाओं पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।
जांच एजेंसी के अनुसार, प्राथमिक विद्यालय अध्यापक (लेवल-1 और लेवल-2) भर्ती परीक्षा-2022 में कुछ अभ्यर्थियों ने अपनी जगह दूसरे लोगों से परीक्षा दिलवाई। इस फर्जीवाड़े के जरिए उन्होंने परीक्षा पास कर शिक्षक पद हासिल कर लिया। यह परीक्षा 25 फरवरी 2023 को आयोजित की गई थी।
मामले में SOG थाना जयपुर में एफआईआर संख्या 19/2026 और 20/2026 दर्ज की गई हैं। आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता (IPC) के साथ-साथ राजस्थान सार्वजनिक परीक्षा (भर्ती परीक्षा में अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम-2022 के तहत कार्रवाई की गई है।
प्राथमिक जांच में सामने आया कि कुल 30 अभ्यर्थियों ने डमी कैंडिडेट के माध्यम से परीक्षा पास की और बाद में शिक्षक पद पर नियुक्ति प्राप्त कर ली। अब SOG पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है।
इस खुलासे के बाद राज्य में भर्ती परीक्षाओं की पारदर्शिता और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के मामलों से न केवल योग्य अभ्यर्थियों के साथ अन्याय होता है, बल्कि पूरे शिक्षा तंत्र की विश्वसनीयता भी प्रभावित होती है।
संभावना जताई जा रही है कि जांच आगे बढ़ने पर और नाम सामने आ सकते हैं और बड़े स्तर पर कार्रवाई हो सकती है।