



जोधपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जोधपुर के शिकारपुरा (लूणी) स्थित श्री राजाराम आंजणा आश्रम में आयोजित रामनवमी मेले एवं सिद्ध संत राजाराम जी महाराज के 144वें जन्मोत्सव समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि भगवान श्रीराम भारत की आत्मा, सनातन के गौरव, सत्य के संवाहक और धर्म के रक्षक हैं। उन्होंने कहा कि श्रीराम का जीवन चरित्र, कर्तव्य और करुणा का सर्वोच्च उदाहरण है, जो समाज को सही दिशा देता है।
मुख्यमंत्री शर्मा ने प्रदेशवासियों को रामनवमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि रामनवमी और संत राजाराम जी महाराज का जन्मोत्सव एक ही दिन होना आध्यात्मिक परंपरा का अद्भुत संगम है। संत राजाराम जी महाराज ने श्रीराम के आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य किया और वे एक महान समाज सुधारक भी थे।
सनातन संस्कृति के पुनर्जागरण पर जोर
मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश में सनातन संस्कृति का पुनर्जागरण हो रहा है। अयोध्या में राम मंदिर निर्माण, काशी और महाकाल कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स से तीर्थस्थलों का व्यापक विकास किया जा रहा है।
बेटी शिक्षा और गौ संरक्षण प्राथमिकता: मुख्यमंत्री शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार बालिका शिक्षा, बाल विवाह उन्मूलन और गौ संरक्षण के लिए प्रतिबद्ध है। प्रदेश की गौशालाओं को 3400 करोड़ रुपये से अधिक का अनुदान दिया गया है और 1.37 लाख से अधिक निराश्रित गौवंश को सुरक्षित आश्रय दिया गया है।
तीर्थ यात्रा और धार्मिक विकास योजनाएं
उन्होंने बताया कि वरिष्ठ नागरिक तीर्थ यात्रा योजना के तहत अब तक 86 हजार से अधिक बुजुर्गों को तीर्थ यात्रा करवाई जा चुकी है। साथ ही राजकीय मंदिरों में धार्मिक कार्यक्रमों के लिए 25.38 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
युवाओं और विकास पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जल परियोजनाओं और आधारभूत ढांचे के माध्यम से विकास को गति दे रही है और युवाओं को रोजगार के पर्याप्त अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इस अवसर पर केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने संत दयाराम जी महाराज से आशीर्वाद लिया और मेले का अवलोकन भी किया।