



बाड़मेर। बाड़मेर जिले के चौहटन थाना क्षेत्र के मंगलासर कोनरा गांव में हुए सवाईराम आत्महत्या प्रकरण में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बड़ा खुलासा किया है। मामले में मृतक की पत्नी और उसके प्रेमी को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया है। यह कार्रवाई अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नीतीश आर्य के निर्देशन और वृत्ताधिकारी जेठाराम मेघवाल के नेतृत्व में गठित टीम द्वारा की गई।
घटना की रिपोर्ट 12 मार्च को मृतक के भाई मदन पुत्र कचराराम ने दर्ज करवाई थी, जिसमें उसने अपने भाई सवाईराम की संदिग्ध मृत्यु को लेकर उसकी पत्नी समदा और उसके प्रेमी शकरदीन पर हत्या की आशंका जताई थी। रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने मर्ग दर्ज कर जांच शुरू की और मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराया।
जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि सवाईराम की मौत हत्या नहीं बल्कि आत्महत्या थी, हालांकि इसके पीछे दुष्प्रेरण के ठोस कारण मौजूद थे। पुलिस जांच में यह भी स्पष्ट हुआ कि मृतक की पत्नी समदा और आरोपी शकरदीन के बीच अवैध संबंध थे। जब सवाईराम ने इस संबंध का विरोध किया, तो घटना वाले दिन दोनों आरोपियों के साथ उसका विवाद हुआ। आरोप है कि आरोपियों ने उसे गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी दी, जिससे मानसिक रूप से परेशान होकर सवाईराम ने आत्महत्या कर ली।
मामले में पुख्ता साक्ष्य मिलने के बाद पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 108, 3(5) तथा एससी/एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया। इसके बाद पुलिस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी समदा मेघवाल (पत्नी) और शकरदीन पुत्र हाजी मोहिब खान को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस का कहना है कि मामले की आगे की जांच जारी है और अन्य पहलुओं की भी गंभीरता से पड़ताल की जा रही है। इस कार्रवाई को पुलिस की तत्परता और प्रभावी जांच का परिणाम माना जा रहा है।