



जयपुर। विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर चुनाव आयोग ने मतदाताओं को बड़ी राहत दी है। यदि किसी मतदाता का नाम एसआईआर की सूची में शामिल नहीं है, तो उसके पास अब भी आपत्ति दर्ज कराने और नाम जोड़वाने का अवसर रहेगा। केंद्रीय निर्वाचन आयोग ने राजस्थान में एसआईआर के तहत दावे और आपत्तियां दर्ज करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर 19 जनवरी कर दी है। यह आदेश 15 जनवरी को जारी अधिसूचना के माध्यम से दिया गया है।
इस नए आदेश में राजस्थान के साथ-साथ पुदुचेरी, गोवा, लक्षद्वीप और पश्चिम बंगाल को भी शामिल किया गया है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि समयसीमा में यह विस्तार केवल दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की अवधि तक सीमित रहेगा। इसका अर्थ यह है कि मतदाता अब अपने विवरण की जांच कर सकते हैं, आवश्यक घोषणा के साथ फॉर्म-6 भरकर नाम जोड़वा सकते हैं या किसी त्रुटि को लेकर आपत्ति दर्ज करा सकते हैं।
चुनाव आयोग ने राजस्थान के मुख्य निर्वाचन अधिकारी को निर्देश दिए हैं कि इस समयसीमा विस्तार की जानकारी मीडिया, बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ), ऑनलाइन पोर्टल और मोबाइल ऐप के माध्यम से व्यापक रूप से प्रचारित की जाए, ताकि कोई भी पात्र मतदाता अपने अधिकार से वंचित न रहे। साथ ही, इस अधिसूचना को राज्य के राजपत्र के विशेष अंक में तुरंत प्रकाशित करने और उसकी तीन प्रतियां आयोग के रिकॉर्ड के लिए भेजने के भी निर्देश दिए गए हैं।
आयोग ने यह भी कहा है कि संशोधित कार्यक्रम का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए, ताकि निर्वाचन प्रक्रिया में पारदर्शिता, निष्पक्षता और सटीकता बनी रहे। इस फैसले से उन मतदाताओं को राहत मिली है, जिनका नाम किसी कारणवश एसआईआर सूची में शामिल नहीं हो पाया था।