



अजमेर में नए वर्ष की शुरुआत के अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा अधिकारियों और कर्मचारियों को जीवन रक्षक कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन (सीपीआर) का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। गुरुवार को स्वास्थ्य संकुल सभागार में आयोजित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्देश्य हृदयाघात, सड़क दुर्घटना और अन्य आपात स्थितियों में त्वरित सहायता देकर मरीजों और आमजन की जान बचाना रहा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ज्योत्सना रंगा ने बताया कि सीपीआर एक अत्यंत महत्वपूर्ण जीवन रक्षक प्रक्रिया है, जिसके सही समय पर उपयोग से मरीज की जान बचाई जा सकती है। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रशिक्षण कार्यक्रम जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और त्वरित प्रतिक्रिया क्षमता को मजबूत करते हैं। प्रशिक्षण चिकित्सा अधिकारी डॉ. सौरभ बागड़ा द्वारा दिया गया, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों को व्यावहारिक जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में संभागीय संयुक्त निदेशक डॉ. सम्पत सिंह जोधा, जिला प्रजनन एवं शिशु स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शिंदे स्वाती, अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. रामलाल चौधरी, उपमुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.एस. किराडिया सहित चिकित्सा विभाग के अनेक अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।