



कोटा। नगर निगम चुनाव में प्रत्याशियों की आधिकारिक सूची जारी होने से पहले ही सियासी हलचल तेज हो गई है। शनिवार को 41 उम्मीदवारों ने कुल 42 नामांकन पत्र दाखिल किए। इनमें कांग्रेस से टिकट की दावेदारी कर रहे 21, भाजपा से 5, निर्दलीय के रूप में 15 और बसपा से एक नामांकन शामिल है।
वार्ड नंबर 100 से सत्यनारायण गौतम ने दो नामांकन पत्र दाखिल किए हैं। उन्होंने एक पर्चा भाजपा और दूसरा निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में भरा है। इसी कारण शनिवार को उम्मीदवारों की संख्या 41 रही, जबकि नामांकन पत्रों की संख्या 42 रही।
27 अगस्त को चार नामांकन दाखिल हुए थे। इस तरह शनिवार तक कोटा नगर निगम के 100 वार्डों के लिए कुल 46 नामांकन पत्र दाखिल हो चुके हैं।
भाजपा और कांग्रेस ने अभी तक कोटा नगर निगम के लिए प्रत्याशियों की आधिकारिक सूची जारी नहीं की है। इसके बावजूद टिकट की उम्मीद लगाए कई दावेदार शनिवार को कलेक्ट्रेट पहुंचे और अपने नामांकन पत्र दाखिल कर दिए।
राजनीतिक दलों की ओर से अधिकृत चुनाव चिह्न से संबंधित दस्तावेज जमा होने के बाद ही यह तय होगा कि कौन प्रत्याशी वास्तव में पार्टी उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ेगा। फिलहाल कई दावेदार पार्टी से टिकट मिलने की उम्मीद में पर्चा दाखिल कर चुके हैं।
कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति भी नामांकन के दौरान खुलकर सामने आ रही है। पूर्व मंत्री शांति धारीवाल के खेमे से जुड़े माने जाने वाले मंगल कुमार तंबोली ने वार्ड नंबर 41 से कांग्रेस के नाम पर नामांकन दाखिल किया है। तंबोली ने दावा किया कि उन्हें आलाकमान की ओर से टिकट को लेकर 'सिग्नल' मिला है। इसी के बाद उन्होंने अपना नामांकन दाखिल किया।
धारीवाल खेमे से जुड़े कुछ अन्य दावेदार भी टिकट मिलने को लेकर सकारात्मक संकेत मिलने का दावा कर रहे हैं। हालांकि पार्टी की अधिकृत सूची जारी होने के बाद ही उम्मीदवारों की अंतिम स्थिति साफ होगी।
कांग्रेस के अंदर ही एक और महत्वपूर्ण राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। कांग्रेस शहर ओबीसी विभाग के जिलाध्यक्ष दीपक नामदेव सहित सात लोगों ने पार्षद टिकट के लिए की गई अपनी दावेदारी वापस ले ली है। इनमें वार्ड नंबर 74 से तीन, वार्ड 33 से दो और वार्ड 34 से दो दावेदार शामिल हैं।
दीपक नामदेव ने इसकी जानकारी कांग्रेस लाड़पुरा ब्लॉक अध्यक्ष आशु गंभीर और कोटा चुनाव प्रभारी पुष्पेंद्र भारद्वाज को दे दी है। दीपक नामदेव पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल के खेमे से जुड़े माने जाते हैं। ऐसे में एक साथ सात दावेदारों के पीछे हटने को कांग्रेस की अंदरूनी चुनावी रणनीति और गुटीय समीकरणों से जोड़कर देखा जा रहा है।
शनिवार को कांग्रेस से टिकट की उम्मीद में सबसे ज्यादा 21 दावेदारों ने नामांकन दाखिल किए।
कांग्रेस से नामांकन करने वाले दावेदार: वार्ड 6 से मसूद अली अंसारी, वार्ड 83 से सुनीता शर्मा, वार्ड 18 से मुस्कान भील, वार्ड 27 से सुरेशचंद, वार्ड 32 से राम मूर्ति, वार्ड 12 से ललित कुमार, वार्ड 41 से मंगल कुमार तंबोली, वार्ड 5 से रघुवीर, वार्ड 50 से अनुराग गौतम, वार्ड 51 से योगेश कुमार विजय, वार्ड 55 से मनीष, वार्ड 56 से तारा सिंह पटियाल, वार्ड 59 से भावना पुरसवानी, वार्ड 62 से भुवनेश ऋषि, वार्ड 34 से विजय पंडित, वार्ड 80 से विजय कछावाहा, वार्ड 84 से सीमा यादव, वार्ड 85 से अजय कासलीवाल, वार्ड 89 से प्रतिभा नाथ, वार्ड 91 से विशाल मेवाड़ा और वार्ड 94 से दीपा मंगल ने नामांकन किया है।
भाजपा की आधिकारिक सूची भी अभी जारी नहीं हुई है। इसके बावजूद पांच दावेदारों ने पार्टी के नाम पर पर्चे दाखिल किए हैं।इनमें वार्ड 43 से पिंटू कंवर, वार्ड 61 से धारना शर्मा, वार्ड 65 से सुनीता भाटी, वार्ड 100 से सत्यनारायण गौतम और वार्ड 62 से रेखा खेलवाल शामिल हैं।
शनिवार को 15 नामांकन निर्दलीय के रूप में भी दाखिल किए गए।इनमें वार्ड 15 से सुनील शर्मा, वार्ड 41 से हीरालाल, वार्ड 22 से गोविंद, वार्ड 34 से राकेश कुमार मीणा, वार्ड 44 से ओमप्रकाश राठौर, वार्ड 45 से मोहम्मद आसिम और मोहम्मद जुनेद, वार्ड 49 से आकाश कुशवाहा, वार्ड 65 से गिरिराज सिंह, वार्ड 70 से मोबीन, वार्ड 19 से भंवर लाल सुमन, वार्ड 72 से रामावतार बैरवा, वार्ड 87 से सुनीता गोस्वामी, वार्ड 9 से सतीश भारद्वाज और वार्ड 100 से सत्यनारायण गौतम शामिल हैं। बहुजन समाज पार्टी की ओर से वार्ड नंबर 16 से पूनम शाक्यवाल ने नामांकन दाखिल किया है।
कोटा नगर निगम के 100 वार्डों के लिए नामांकन प्रक्रिया 27 अगस्त से शुरू हुई थी। रविवार को अवकाश के कारण नामांकन नहीं होंगे। अब सोमवार, 31 अगस्त को नामांकन दाखिल करने का आखिरी मौका रहेगा।
31 अगस्त को दोपहर 3 बजे तक ही नामांकन स्वीकार किए जाएंगे। इसके बाद 1 सितंबर को नामांकन पत्रों की जांच होगी और 3 सितंबर दोपहर 3 बजे तक उम्मीदवार अपने नाम वापस ले सकेंगे। ऐसे में भाजपा और कांग्रेस की प्रत्याशी सूची सामने आने के बाद सोमवार को बड़ी संख्या में नामांकन आने की संभावना है।
फिलहाल सबसे ज्यादा नजर कांग्रेस और भाजपा की अधिकृत सूचियों पर टिकी है। दोनों दलों में कई वार्डों से एक से अधिक दावेदार टिकट मांग रहे हैं। ऐसे में सूची जारी होने के बाद टिकट से वंचित नेताओं के रुख पर भी नजर रहेगी।
कोटा कांग्रेस में धारीवाल और गुंजल खेमे के बीच टिकट वितरण के समीकरण पहले से चर्चा में हैं। वहीं भाजपा में भी कई वार्डों में दावेदारों की संख्या अधिक है। 31 अगस्त को नामांकन का समय खत्म होने और 3 सितंबर को नाम वापसी के बाद ही साफ होगा कि कोटा के 100 वार्डों में कहां सीधा भाजपा-कांग्रेस मुकाबला होगा और किन वार्डों में बागी तथा निर्दलीय प्रत्याशी चुनावी गणित बिगाड़ेंगे।