Sunday, 23 August 2026

मिस ओशियन वर्ल्ड’ का ग्लैमरस फिनाले: 20 देशों की मॉडल्स ने रैंप पर दिखाई संस्कृति, फैशन के साथ दिया ‘क्लीन ओशन’ का संदेश


मिस ओशियन वर्ल्ड’ का ग्लैमरस फिनाले: 20 देशों की मॉडल्स ने रैंप पर दिखाई संस्कृति, फैशन के साथ दिया ‘क्लीन ओशन’ का संदेश

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जयपुर। जयपुर रविवार को ग्लोबल फैशन, संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण के अनूठे संगम की गवाह बनी। मानसरोवर स्थित अनंत महल में आयोजित इंटरनेशनल ब्यूटी पेजेंट ‘मिस ओशियन वर्ल्ड’ के ग्रैंड फिनाले में 20 देशों की प्रतिभागियों ने अपने-अपने देश की संस्कृति, विरासत और परंपराओं को रैंप पर पेश किया। खास बात यह रही कि ग्लैमर के इस मंच से समुद्र को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त रखने, पर्यावरण संरक्षण और सस्टेनेबल फैशन का संदेश भी दिया गया।

नौ दिनों तक चले इस अंतरराष्ट्रीय आयोजन का सबसे आकर्षक हिस्सा नेशनल कॉस्ट्यूम राउंड रहा। इसमें अलग-अलग देशों की प्रतिभागियों ने पारंपरिक परिधानों से लेकर सामाजिक और पर्यावरणीय मुद्दों पर आधारित कॉस्ट्यूम पेश किए।

रूस की प्रतिभागी ने अपने कॉस्ट्यूम को रूस के राष्ट्रीय ध्वज दिवस से जोड़ते हुए देश के प्रति गौरव का संदेश दिया, जबकि यूनाइटेड किंगडम की प्रतिभागी मॉली-मैरी ने सेकेंड हैंड और अपसाइकिल्ड सामग्री से तैयार ड्रेस पहनकर सस्टेनेबल फैशन और समुद्री पर्यावरण संरक्षण की तरफ ध्यान खींचा।

भारत की साड़ी में दिखी ‘विविधता में एकता’

भारत की प्रतिभागी ने पारंपरिक साड़ी के जरिए भारतीय नारी की शक्ति, गरिमा और शालीनता को प्रदर्शित किया। कढ़ाई से सजी आकर्षक छतरी ने प्रस्तुति को और खास बनाया। इसमें भारतीय कला, रंगों और कारीगरों की शिल्पकला की झलक देखने को मिली।

प्रस्तुति के जरिए हिमालय से समुद्र तक फैली भारतीय संस्कृति और आधुनिक सपनों के साथ परंपराओं को लेकर आगे बढ़ती भारतीय महिला की तस्वीर पेश की गई।

रूस ने राष्ट्रीय ध्वज दिवस को किया सेलिब्रेट

रूस की प्रतिभागी की प्रस्तुति भी आकर्षण का केंद्र रही। उन्होंने 22 अगस्त को मनाए जाने वाले रूस के राष्ट्रीय ध्वज दिवस से अपने कॉस्ट्यूम को जोड़ा। परिधान में पंखों का इस्तेमाल स्वतंत्रता और स्वाधीनता के प्रतीक के तौर पर किया गया।

वहीं मिसेज रूस की प्रस्तुति पर्यावरणीय संदेश पर केंद्रित रही। उन्होंने ब्लैक सी में ऑयल और फ्यूल स्पिल से प्रभावित पक्षियों एवं समुद्री जीवों को बचाने वाले वॉलंटियर्स को अपना कॉस्ट्यूम समर्पित किया। सफेद प्रोटेक्शन सूट पर आधारित उनके लुक ने पर्यावरण संरक्षण के लिए काम करने वाले स्वयंसेवकों के योगदान को मंच पर सम्मान दिया।

UK की मॉडल ने अपसाइकिल्ड ड्रेस से दिया ‘क्लीन ओशन’ का संदेश

यूनाइटेड किंगडम की मॉली-मैरी ने अपने नेशनल कॉस्ट्यूम को ब्रिटेन में विकसित हो रही सीवीड फार्मिंग से जोड़ा। उन्होंने सेकेंड हैंड और अपसाइकिल्ड सामग्री से खुद कॉस्ट्यूम तैयार किया।

ड्रेस के पीछे लगाई गई लंबी पट्टियां समुद्री शैवाल फार्म में इस्तेमाल होने वाली हैंगिंग लाइन्स का प्रतीक थीं। प्रस्तुति के जरिए समुद्री शैवाल की खेती से पानी की गुणवत्ता, समुद्री जैव विविधता और तटीय पर्यावरण को होने वाले फायदों को सामने रखा गया।

जापान के ‘युकाता’ में सकुरा, इंडोनेशिया की ‘केबाया’ ने खींचा ध्यान

जापान की प्रतिभागी पारंपरिक युकाता में रैंप पर उतरीं। उनके कॉस्ट्यूम में चेरी ब्लॉसम यानी सकुरा के फूलों के साथ लाल और सफेद रंगों का इस्तेमाल जापान की राष्ट्रीय पहचान को दर्शाता नजर आया।

इंडोनेशिया की प्रतिभागी ने जावा की पारंपरिक केबाया को पेश किया। बारीक कढ़ाई और पारंपरिक शिल्पकला से सजे इस परिधान के जरिए इंडोनेशियाई संस्कृति और पीढ़ियों से चली आ रही कला को प्रदर्शित किया गया।

एसवातिनी से केन्या तक दिखी दुनिया की सांस्कृतिक विविधता

एसवातिनी की प्रतिभागी ने अपने देश के राष्ट्रीय पक्षी लिग्वालाग्वाला से प्रेरित लाल पंखों वाले कॉस्ट्यूम के जरिए शाही विरासत को पेश किया।

केन्या की प्रतिभागी ने स्वाहिली संस्कृति और देश की तटीय विरासत को मंच पर उतारा। पारंपरिक फैब्रिक, बीडवर्क, प्राकृतिक सीपियों और लेदर से तैयार कॉस्ट्यूम ने समुद्र पर निर्भर समुदायों और उनकी संस्कृति की कहानी बयां की।

साउथ सूडान की प्रतिभागी ने लोटुको संस्कृति से प्रेरित पारंपरिक परिधान के जरिए वहां की महिलाओं की मजबूती और सांस्कृतिक पहचान को दिखाया। वहीं जिम्बाब्वे की प्रतिभागी के रंग-बिरंगे परिधान और बीडवर्क में देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत नजर आई।

मोर के रंगों में नजर आई भारत की आत्मा

मिसेज इंडिया की प्रतिभागी ने राष्ट्रीय पक्षी मोर को अपने कॉस्ट्यूम की थीम बनाया। रंग-बिरंगे पंखों से सजे परिधान के जरिए भारत की विविधता, गौरव और सांस्कृतिक समृद्धि को प्रदर्शित किया गया।

‘क्लीन और पॉल्यूशन-फ्री ओशन’ रहा आयोजन का संदेश

मिस ओशियन वर्ल्ड का आयोजन इस बार क्लीन और पॉल्यूशन-फ्री ओशन के संदेश पर केंद्रित रहा। नौ दिनों की गतिविधियों में प्रतिभागियों ने समुद्र, प्रकृति और पर्यावरण संरक्षण को लेकर जागरूकता का संदेश दिया।

ग्रैंड फिनाले की शुरुआत एनआईएफ ग्लोबल जयपुर के कमला पोदार इंस्टीट्यूट के डिजाइनिंग स्टूडेंट्स द्वारा तैयार परिधानों में ओपनिंग एक्ट से हुई। इसके बाद नेशनल कॉस्ट्यूम राउंड, पॉल्यूशन-फ्री एनवायरनमेंट एडवोकेसी राउंड और प्रश्न-उत्तर राउंड आयोजित किए गए।

क्राउन पासिंग सेरेमनी पूर्व मिस ओशियन वर्ल्ड लॉरा हडसन ने की। गाउन और स्विमसूट राउंड से जुड़े फोटोशूट में भी प्रतिभागियों ने क्लीन ओशन और प्रदूषण मुक्त पर्यावरण का संदेश दिया।

जूरी ने सुंदरता के साथ सोच और टैलेंट को भी परखा

जूरी पैनल में जैस्मीन राणा, लॉरा हडसन, मिताली कौर, प्रियन सैन, योगेश मिश्रा और जयपुर मैराथन के सीईओ मुकेश मिश्रा शामिल रहे। प्रतिभागियों को उनके व्यक्तित्व, आत्मविश्वास, प्रस्तुति, सामाजिक जागरूकता और विभिन्न राउंड में प्रदर्शन के आधार पर परखा गया।

आयोजन में मेकअप की जिम्मेदारी मेकअप शेड्स सैलून की जस्सी छाबड़ा ने संभाली। कोरियोग्राफी शाहरुख खान सुधीर ने की, जबकि मंच संचालन राकेश शर्मा ने किया।

फ्यूजन ग्रुप के चेयरमैन एवं डायरेक्टर योगेश मिश्रा और निमिषा मिश्रा ने कहा कि जयपुर में 20 देशों की प्रतिभागियों के साथ इस अंतरराष्ट्रीय पेजेंट का आयोजन राजस्थान के लिए गौरव का विषय है। आयोजन के जरिए जयपुर को अंतरराष्ट्रीय फैशन और ब्यूटी के साथ पर्यावरण संरक्षण के संदेश से भी जोड़ने का प्रयास किया गया।

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