



सीकर के खाटूश्यामजी में 26 मई को युवक करण कुमावत पर हुए हमले के विरोध में चल रहा धरना बुधवार को स्थगित कर दिया गया। मामले को लेकर सीकर कलेक्ट्रेट के बाहर पिछले 10 दिन से धरना दिया जा रहा था। बुधवार को भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच धरनास्थल पर पहुंचे और धरने पर बैठे लोगों से बातचीत की।
इससे पहले करण कुमावत न्याय संघर्ष समिति का प्रतिनिधिमंडल बुधवार सुबह जयपुर गया था। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री जोराराम कुमावत, गृहमंत्री जवाहर सिंह बेढम और गौतम दक से करीब एक से डेढ़ घंटे तक वार्ता की। इस दौरान समिति ने मामले की जांच खाटूश्यामजी सीआई पवन कुमार चौबे से हटाकर सदर थाना एसएचओ इंद्रराज मरोड़िया को सौंपने, पवन कुमार चौबे को खाटूश्यामजी थाने से हटाने, सात दिन में आरोपियों की गिरफ्तारी करने और पीड़ित परिवार को स्वरोजगार के लिए डेयरी अलॉटमेंट कराने की मांग रखी।
वार्ता में मांगों पर सहमति बनने के बाद भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच, जिलाध्यक्ष मनोज कुमार बाटड़, धोद विधायक गोरधन वर्मा और भाजपा नेता गजानंद कुमावत धरनास्थल पर पहुंचे। इस दौरान गृहमंत्री जवाहर सिंह बेढम से फोन पर बातचीत भी करवाई गई। आश्वासन मिलने के बाद संघर्ष समिति ने धरना सात दिन के लिए स्थगित करने का निर्णय लिया।
संघर्ष समिति के किशोर दूल्हेपुरा ने बताया कि आश्वासन मिलने के बाद धरना सात दिन के लिए स्थगित किया गया है। उन्होंने कहा कि यदि निर्धारित समय में मामले में कार्रवाई नहीं होती है, तो आंदोलन फिर से शुरू किया जाएगा। साथ ही जनसहयोग से करण कुमावत के परिवार को आर्थिक सहायता भी उपलब्ध करवाई जाएगी।
भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश दाधीच ने कहा कि पुलिस मामले में अपराधियों तक पहुंचने के करीब है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि पीड़ित परिवार के साथ सरकार हर कदम पर खड़ी है।
जानकारी के अनुसार सीकर में पहली बार किसी जानलेवा हमले के मामले में पीड़ित परिवार को स्वरोजगार के लिए डेयरी अलॉटमेंट कराने की प्रक्रिया पर सहमति बनी है। इससे पहले जिले में ऐसे कई गंभीर मामले सामने आए हैं, लेकिन पीड़ित परिवार को इस तरह स्वरोजगार से जोड़ने की पहल पहली बार बताई जा रही है।