



टोंक। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिला न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, टोंक की अध्यक्ष डॉ. सीमा अग्रवाल ने पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विशेष जागरूकता पोस्टर का विमोचन किया। इसके बाद उन्होंने जिला न्यायालय परिसर में पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार जलुथरिया, बार एसोसिएशन अध्यक्ष विकास लोदी तथा बार सचिव अशोक कुमार साहू सहित न्यायिक अधिकारियों एवं अधिवक्ताओं ने भी पौधारोपण किया।
डॉ. सीमा अग्रवाल ने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण संरक्षण केवल एक सामाजिक दायित्व नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि बढ़ते पर्यावरणीय संकट और जलवायु परिवर्तन की चुनौतियों को देखते हुए वृक्षारोपण और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण समय की आवश्यकता बन गया है। उन्होंने नागरिकों से अधिक से अधिक पौधे लगाने और उनके संरक्षण का संकल्प लेने का आह्वान किया।
इसी क्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव दिनेश कुमार जलुथरिया ने ग्राम पंचायत सोहेला में राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के ‘वन एवं बालिका वर्ष-2025 : सृजन की सुरक्षा’ अभियान के अंतर्गत आयोजित विशेष कार्यक्रम में भाग लिया। कार्यक्रम के तहत दो नवजात बालिकाओं के जन्म के उपलक्ष्य में उनके परिवारों द्वारा 11-11 पौधे लगाए गए। इस प्रकार कुल 22 पौधों का रोपण कर पर्यावरण संरक्षण और बालिका सम्मान का संदेश दिया गया।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ समाज में बालिकाओं के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करना और महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देना रहा। इस दौरान नवजात बालिकाओं के परिवारजनों से पौधारोपण करवाकर उन्हें इन पौधों की देखभाल और संरक्षण की जिम्मेदारी भी सौंपी गई, ताकि पौधों और बालिकाओं दोनों का विकास समान रूप से सुनिश्चित हो सके।
दिनेश कुमार जलुथरिया ने दोनों नवजात बालिकाओं को ‘हरित बालिका पहचान पत्र’ जारी कर प्रदान किए। उन्होंने बताया कि इस पहल के माध्यम से बालिकाओं को समय-समय पर विधिक सहायता, राज्य एवं केंद्र सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं तथा सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रमों का लाभ दिलाने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह अभियान पर्यावरण संरक्षण और बालिका कल्याण को एक साथ जोड़ने की अभिनव पहल है।
उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायत सोहेला में प्रत्येक नवजात बालिका के जन्म पर 11 पौधे लगाने की योजना लागू की गई है। इसके साथ ही बालिकाओं और उनके परिवारों को स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, सामाजिक सुरक्षा तथा सरकारी योजनाओं के प्रति जागरूक किया जाएगा। यह अभियान समाज में पर्यावरण संरक्षण और बालिका सम्मान की भावना को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।
कार्यक्रम में प्रशासक शांति देवी, पूर्व सरपंच रामदास, एएनएम पुष्पा सैनी सहित ग्राम पंचायत सोहेला के अनेक गणमान्य नागरिक और ग्रामीण उपस्थित रहे। उपस्थित लोगों ने पर्यावरण संरक्षण और बालिका सशक्तिकरण के इस प्रयास की सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायी पहल बताया।
