



जयपुर। जयपुर ग्रामीण क्षेत्र के मनोहरपुर थाना इलाके में भाजपा के स्थानीय नेता एवं अनुसूचित जाति मोर्चा के पूर्व मंडल अध्यक्ष रामवतार असवाल की निर्मम हत्या से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। अज्ञात बदमाशों ने सोमवार रात करीब 9 बजे धारदार हथियार से उनका गला रेतकर हत्या कर दी। मंगलवार सुबह उनका शव खून से लथपथ अवस्था में एक कबाड़ गोदाम में मिलने के बाद इलाके में तनाव और आक्रोश का माहौल बन गया।
घटना की सूचना मिलते ही मनोहरपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू की। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि हत्या धारदार हथियार से की गई है। साक्ष्य जुटाने के लिए फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड को भी मौके पर बुलाया गया। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और संदिग्धों की तलाश में जुटी हुई है।
मृतक रामवतार असवाल (52) मनोहरपुर कस्बे में कबाड़ व्यवसाय से जुड़े हुए थे और भाजपा के सक्रिय कार्यकर्ता होने के साथ सामाजिक गतिविधियों में भी बढ़-चढ़कर भाग लेते थे। उनकी हत्या की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण, परिजन और भाजपा कार्यकर्ता घटनास्थल पर पहुंच गए। घटना को लेकर लोगों में भारी रोष देखने को मिला।
हत्या से नाराज परिजनों और ग्रामीणों ने मंगलवार सुबह मनोहरपुर थाने के बाहर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने हत्या के आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करते हुए मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा तथा परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग रखी। परिजनों का कहना है कि जब तक आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होगी, उनका आंदोलन जारी रहेगा।
धरने में शाहपुरा विधायक मनीष यादव, पूर्व विधायक आलोक बेनीवाल, भाजपा नेता उपेन यादव, दिगराज सिंह, प्रवीण व्यास, महेंद्र चौधरी और राजेश जांगिड़ सहित कई जनप्रतिनिधि भी पहुंचे। उन्होंने प्रशासन से मामले की गंभीरता को देखते हुए शीघ्र कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की।
स्थिति को नियंत्रित करने और प्रदर्शनकारियों को समझाने के लिए एसडीएम संजीव कुमार खेदड़, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रणवीर सिंह, डीएसपी रामावतार तथा थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह ने परिजनों और ग्रामीणों से वार्ता की। हालांकि परिजन और ग्रामीण अपनी मांगों पर अड़े रहे। फिलहाल हत्या के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हो पाया है, लेकिन पुलिस ने विशेष टीमों का गठन कर जांच तेज कर दी है और जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा किया है।