



पुष्कर/अजमेर। राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने रविवार को पुष्कर में आयोजित कांग्रेस के "संगठन सृजन अभियान" के जिला अध्यक्ष प्रशिक्षण शिविर को संबोधित करते हुए संगठनात्मक मजबूती और आगामी राजनीतिक चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम में राजस्थान और दिल्ली के जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्षों ने भाग लिया।
अपने संबोधन में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जिला अध्यक्षों के साथ विस्तृत संवाद करते हुए संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत बनाने, जनसंपर्क बढ़ाने और कांग्रेस की विचारधारा को प्रभावी ढंग से जनता तक पहुंचाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जिला अध्यक्ष संगठन की रीढ़ होते हैं और उनकी सक्रिय भूमिका से ही पार्टी की नीतियां और कार्यक्रम आमजन तक प्रभावी रूप से पहुंच सकते हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि प्रशिक्षण शिविर केवल संगठनात्मक गतिविधि नहीं, बल्कि नेतृत्व विकास और राजनीतिक दृष्टि को व्यापक बनाने का मंच है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि शिविर से प्राप्त अनुभव, ऊर्जा और विजन के साथ सभी जिला अध्यक्ष अपने-अपने क्षेत्रों में कांग्रेस को और अधिक मजबूत बनाने का कार्य करेंगे।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस की नीतियां जनहित, सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक मूल्यों पर आधारित हैं। ऐसे में संगठन के प्रत्येक पदाधिकारी की जिम्मेदारी है कि वह जनता के बीच जाकर इन नीतियों को मजबूती से रखे और लोगों की समस्याओं को पार्टी मंच तक पहुंचाए।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से संवाद और जनभागीदारी को संगठन की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि मजबूत संगठन ही किसी भी राजनीतिक दल की सफलता का आधार होता है। उन्होंने जिला अध्यक्षों से आगामी समय में जनता के बीच अधिक सक्रिय रहने और संगठन विस्तार के लिए निरंतर कार्य करने का आह्वान किया।
गौरतलब है कि पुष्कर में आयोजित यह प्रशिक्षण शिविर कांग्रेस के संगठनात्मक पुनर्गठन अभियान का हिस्सा है, जिसमें संगठन की कार्यप्रणाली, जनसंपर्क रणनीति और भविष्य की राजनीतिक दिशा पर चर्चा की जा रही है।
