



जयपुर। जयपुर में चर्चित हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग मामले में महेश नगर थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी युवती के एक सहयोगी को भी गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी युवक को दिल्ली के द्वारका क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों का मानना है कि यह केवल दो लोगों का मामला नहीं है, बल्कि इसके पीछे एक संगठित ब्लैकमेलिंग नेटवर्क सक्रिय हो सकता है।
महेश नगर थाना प्रभारी सुरेश यादव के अनुसार गिरफ्तार युवक की उम्र करीब 30 वर्ष है और वह दिल्ली के द्वारका क्षेत्र का निवासी है। इससे पहले पुलिस मामले की मुख्य आरोपी युवती को जोधपुर से गिरफ्तार कर चुकी है। पूछताछ के दौरान युवती ने अपने सहयोगी के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी थी, जिसके आधार पर पुलिस ने दिल्ली में दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया।
पुलिस जांच में सामने आया है कि ब्लैकमेलिंग के दौरान वसूली गई रकम का लेन-देन आरोपी युवक के बैंक खाते के माध्यम से किया गया था। इसी आधार पर पुलिस को उसके खिलाफ महत्वपूर्ण सबूत मिले हैं। अब पुलिस उसके बैंक खातों, मोबाइल रिकॉर्ड और अन्य संपर्कों की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि गिरोह में और कौन-कौन लोग शामिल थे।
मामले के अनुसार सांगानेर निवासी 42 वर्षीय एक बिजनेसमैन ने जुलाई 2025 में महेश नगर थाने में एफआईआर दर्ज करवाई थी। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2017 में आरोपी युवती ने उनकी कंपनी में समर इंटर्नशिप के बाद नौकरी शुरू की थी। आरोप है कि युवती ने पहले सोशल मीडिया के माध्यम से संपर्क बढ़ाने का प्रयास किया और बाद में परिवार के जरिए नजदीकियां बढ़ाईं।
पीड़ित का आरोप है कि युवती ने कथित प्रेम संबंध और शादी का झांसा देकर विभिन्न बहानों से करीब 90 लाख रुपये वसूल लिए। जब आगे रकम देने से इनकार किया गया तो उसने कथित रूप से झूठे दुष्कर्म के मुकदमे में फंसाने की धमकी देना शुरू कर दिया। शिकायत के अनुसार बाद में 50 लाख रुपये की अतिरिक्त मांग भी की गई थी।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है और गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर जल्द ही अन्य संदिग्धों की भूमिका भी सामने आ सकती है। जांच एजेंसियां इस पूरे नेटवर्क की वित्तीय गतिविधियों और संभावित अन्य पीड़ितों की भी पड़ताल कर रही हैं।