



जयपुर | राजस्थान में राज्यसभा की एक सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार चयन को लेकर पार्टी में राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। कांग्रेस हाईकमान द्वारा उम्मीदवार चयन को लेकर गंभीर मंथन किए जाने के संकेत मिल रहे हैं। इसी क्रम में कांग्रेस के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल के 25 मई सोमवार को दिल्ली से जयपुर और अजमेर दौरे पर आने की संभावना जताई जा रही है। पार्टी सूत्रों के अनुसार वे अपने दौरे के दौरान राजस्थान कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के साथ राज्यसभा उम्मीदवार चयन पर चर्चा कर सकते हैं।
जानकारी के अनुसार राष्ट्रीय संगठन महामंत्री केसी वेणुगोपाल पुष्कर वेली रिसॉर्ट में चल रहे राजस्थान और दिल्ली कांग्रेस के जिलाध्यक्षों के 10 दिवसीय प्रशिक्षण शिविर में भी शामिल होंगे। इसी शिविर के दौरान कांग्रेस प्रदेश प्रभारी सुखविंदर सिंह रंधावा, प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा और नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली सहित अन्य वरिष्ठ नेताओं से राज्यसभा चुनाव को लेकर रणनीतिक चर्चा होने के संकेत हैं। कांग्रेस के ये सभी प्रमुख नेता फिलहाल पुष्कर प्रशिक्षण शिविर में मौजूद हैं।
राजस्थान कांग्रेस के राजनीतिक गलियारों में इस बार राज्यसभा चुनाव में स्थानीय नेता को उम्मीदवार बनाने की मांग तेज होती दिखाई दे रही है। पार्टी के भीतर इस बात पर जोर दिया जा रहा है कि राजस्थान से जुड़े और प्रदेश की राजनीति में सक्रिय नेता को ही राज्यसभा भेजा जाए। सूत्रों के अनुसार कांग्रेस हाईकमान सामाजिक और राजनीतिक समीकरणों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न समुदायों से आने वाले नेताओं के नामों पर विचार कर सकता है।
राजपूत, दलित और ब्राह्मण समुदाय से जुड़े कांग्रेस नेताओं के नाम चर्चा में बताए जा रहे हैं। प्रमुख दावेदारों में कांग्रेस राष्ट्रीय महासचिव भंवर जितेंद्र सिंह, राज्यसभा सांसद नीरज डांगी और कांग्रेस के राष्ट्रीय प्रवक्ता पवन खेड़ा के नाम प्रमुख रूप से सामने आ रहे हैं। पार्टी के भीतर इन नेताओं की राजनीतिक सक्रियता, संगठनात्मक अनुभव और सामाजिक समीकरणों को लेकर चर्चा चल रही है।
कांग्रेस के भीतर एक वर्ग मुस्लिम समुदाय से उम्मीदवार बनाए जाने की मांग भी उठा रहा है। हाल ही में जयपुर में मुस्लिम समुदाय से जुड़े कांग्रेस नेताओं ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के आतिथ्य में एक बैठक आयोजित की थी। इस बैठक में लंबे समय से मुस्लिम समुदाय को लोकसभा और राज्यसभा में पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं मिलने का मुद्दा उठाया गया था।
बैठक में कांग्रेस हाईकमान से इस बार राजस्थान से राज्यसभा चुनाव में मुस्लिम समुदाय के किसी वरिष्ठ कांग्रेस नेता को उम्मीदवार बनाने की मांग की गई थी। पार्टी के भीतर इस मांग को लेकर भी राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है।
पुष्कर में चल रहा कांग्रेस का संगठनात्मक प्रशिक्षण शिविर अब राजनीतिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राज्यसभा उम्मीदवार चयन को लेकर चल रही चर्चाओं ने इस शिविर की राजनीतिक अहमियत और बढ़ा दी है। कांग्रेस हाईकमान संगठनात्मक मजबूती के साथ आगामी राजनीतिक समीकरणों को साधने में जुटा हुआ दिखाई दे रहा है।
अब सभी की नजरें केसी वेणुगोपाल के संभावित दौरे और हाईकमान की आगामी रणनीति पर टिकी हुई हैं, जिससे राजस्थान कांग्रेस की भविष्य की राजनीति को नई दिशा मिल सकती है।