


आज राजस्थान जैन सभा द्वारा आयोजित सामूहिक क्षमावाणी के अवसर पर मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने पूज्य संतों का आशीर्वाद प्राप्त कर उपस्थित प्रबुद्ध जनों को संबोधित किया। उन्होंने कहा, "क्षमा एक अद्वितीय गुण है, जो सदियों से मानवता के कल्याण का संकल्प मजबूत करता है। यह व्यक्तिगत विकास का मार्ग प्रशस्त करते हुए समाज में सद्भाव और एकता का संचार करती है।" जैन धर्म की इस परंपरा को आत्मसात कर शांतिपूर्ण समाज के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।