



जयपुर। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की ओर से आयोजित आयुर्वेदिक पीजी एंट्रेंस एग्जाम के दौरान जयपुर के एक परीक्षा केंद्र पर बिजली गुल होने से कई अभ्यर्थियों के कंप्यूटर बंद हो गए। घटना शनिवार सुबह ट्रांसपोर्ट नगर स्थित सत्य साईं पीजी कॉलेज में हुई। तकनीकी समस्या के बाद कुछ अभ्यर्थियों ने परीक्षा केंद्र के बाहर हंगामा किया और परीक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाए।
अभ्यर्थियों के अनुसार परीक्षा सुबह 10 बजे से 12 बजे तक आयोजित की जा रही थी। करीब 10:20 बजे अचानक कुछ सिस्टम बंद हो गए। इससे कई छात्र परीक्षा जारी नहीं रख सके।
परीक्षा देने पहुंचीं अभ्यर्थियों ने आरोप लगाया कि सिस्टम बंद होने के बाद कुछ छात्र आपस में बातचीत करने लगे और इस दौरान अनुचित तरीके से जानकारी साझा की गई।
छात्राओं का आरोप है कि यह सब परीक्षा केंद्र पर मौजूद ऑब्जर्वर के सामने हुआ, लेकिन तत्काल कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि होना अभी बाकी है।
NTA ने पहली शिफ्ट के आयुर्वेदिक पीजी एंट्रेंस एग्जाम में तकनीकी समस्या के कारण परीक्षा पूरी नहीं कर पाने वाले 49 अभ्यर्थियों के लिए 1 सितंबर को दोबारा परीक्षा आयोजित करने की घोषणा की है।
यह परीक्षा जयपुर के राजस्थान कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग फॉर विमेन में आयोजित की जाएगी।
परीक्षा देने पहुंचीं डॉ. सुधा शर्मा ने बताया कि परीक्षा शुरू होने के करीब 20 मिनट बाद कई छात्रों के कंप्यूटर अचानक बंद हो गए। इसके बाद परीक्षा केंद्र पर भ्रम और नाराजगी की स्थिति बन गई।
अभ्यर्थियों का कहना है कि कंप्यूटर आधारित परीक्षा में बिजली और तकनीकी बैकअप की पर्याप्त व्यवस्था होनी चाहिए थी, ताकि परीक्षा के दौरान ऐसी स्थिति पैदा न हो।
घटना के बाद परीक्षा केंद्र की तकनीकी तैयारी और बिजली बैकअप को लेकर सवाल उठ रहे हैं। जिन अभ्यर्थियों की परीक्षा बाधित हुई, उन्हें अब दोबारा परीक्षा देनी होगी।
NTA की ओर से 49 छात्रों के लिए री-एग्जाम की घोषणा के बाद प्रभावित अभ्यर्थियों को राहत जरूर मिली है, लेकिन परीक्षा केंद्र पर हुई अव्यवस्था और कथित चीटिंग के आरोपों की जांच की मांग भी उठ सकती है।