



पांचजन्य के ‘सुशासन संवाद’ में बोले मुख्यमंत्री—राष्ट्रीयता का सजग प्रहरी है पांचजन्य, राजस्थान सम्पर्क पर जनसमस्याओं की निस्तारण दर 99.17 प्रतिशत पहुंची
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रशासन में पारदर्शिता, निर्णयों में गति और सरकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाकर जनता के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाना ही सुशासन की वास्तविक पहचान है। राज्य सरकार इसी संकल्प के साथ शासन को सरल, पारदर्शी और नागरिक केंद्रित बनाते हुए सरकारी सेवाओं को प्रत्येक नागरिक तक सहजता से पहुंचाने के लिए निरंतर काम कर रही है।
मुख्यमंत्री गुरुवार को पांचजन्य के ‘सुशासन संवाद’ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि पांचजन्य भारत की राष्ट्रचेतना, सांस्कृतिक मूल्यों और राष्ट्रीय विचारधारा की सशक्त आवाज रहा है। स्वाधीन भारत की यात्रा के प्रत्येक मोड़ पर पांचजन्य ने राष्ट्रीयता के सजग प्रहरी की भूमिका निभाते हुए राष्ट्र निर्माण में योगदान दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने राष्ट्रसेवा की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए समाज के प्रत्येक वर्ग को संगठित करने और राष्ट्र निर्माण के लिए समर्पित होने की प्रेरणा दी है। उन्होंने पंडित दीनदयाल उपाध्याय के एकात्म मानववाद के दर्शन का उल्लेख किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 1948 में पांचजन्य की शुरुआत साप्ताहिक प्रकाशन के रूप में पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी के संपादन में हुई। उन्होंने अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व, ज्ञान और राष्ट्र के प्रति समर्पण को प्रेरणादायी बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में गरीब कल्याण से लेकर आतंकवाद और नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई तथा वैश्विक स्तर पर भारत की बढ़ती प्रतिष्ठा देखने को मिली है। उन्होंने जन-धन योजना, जीएसटी, अयोध्या में राम मंदिर निर्माण और अनुच्छेद 370 हटाए जाने का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री के ‘सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’ के मूल मंत्र को धरातल पर उतारते हुए काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 181 राजस्थान सम्पर्क अंतिम व्यक्ति की बात सरकार तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम बन चुका है। जून माह में ही इसके माध्यम से करीब 4 लाख 90 हजार शिकायतों का निस्तारण किया गया। राजस्थान सम्पर्क के जरिए जनसमस्याओं की समग्र निस्तारण दर 99.17 प्रतिशत तक पहुंच गई है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य की डबल इंजन सरकार गरीब, किसान, युवा और महिला सशक्तीकरण के लिए कृतसंकल्पित है। किसान सम्मान निधि की राशि 6 हजार रुपए से बढ़ाकर 9 हजार रुपए की गई है, जबकि सामाजिक सुरक्षा पेंशन को बढ़ाकर 1,450 रुपए प्रतिमाह किया गया है।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 4 लाख 40 हजार से अधिक आवास बनाए गए हैं। बेटियों की शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 14 लाख साइकिलें और 46 हजार छात्राओं को स्कूटी प्रदान की गई हैं। वहीं, मां वाउचर योजना के तहत गर्भवती महिलाओं को निशुल्क सोनोग्राफी की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
युवाओं को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने प्रदेश को पेपरलीक के दंश से मुक्ति दिलाने के लिए सरकार बनते ही एसआईटी का गठन किया। एसआईटी ने अब तक 569 लोगों को गिरफ्तार किया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने लगभग 1 लाख 78 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियां दी हैं। इसके अलावा 1 लाख 32 हजार से अधिक पदों पर भर्ती प्रक्रिया जारी है और 70 हजार से अधिक पदों पर भर्ती की तैयारी की जा रही है। मुख्यमंत्री ने युवाओं से आह्वान किया कि वे केवल नौकरी पाने तक सीमित न रहें, बल्कि नौकरी देने वाले भी बनें। उन्होंने कहा कि युवा अपने सपनों को पंख दें, राज्य सरकार हर कदम पर उनके साथ खड़ी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार और जनता के बीच की दूरी कम करने के लिए ग्राम विकास रथ अभियान चलाया गया। इसके माध्यम से प्रदेश की 14 हजार से अधिक ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों से सीधा संवाद स्थापित किया गया। मुख्यमंत्री विकसित ग्राम-विकसित वार्ड अभियान के माध्यम से गांवों के सर्वांगीण विकास का रोडमैप तैयार किया जा रहा है। सहकारी समितियों में भी करीब 10 लाख नए सदस्यों को जोड़ा गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की पानी और बिजली की आवश्यकताओं को देखते हुए सरकार ने विस्तृत रोडमैप तैयार किया है। पूर्वी राजस्थान के लिए रामजल सेतु लिंक परियोजना को मूर्त रूप दिया जा रहा है, जबकि शेखावाटी के लिए दशकों से लंबित यमुना जल समझौते का मार्ग प्रशस्त किया गया है।
इसके साथ ही नर्मदा परियोजना, देवास परियोजना और गंग नहर के सुदृढ़ीकरण की दिशा में भी काम किया जा रहा है। उन्होंने विश्वास जताया कि इन प्रयासों से आने वाले समय में राजस्थान जल आत्मनिर्भर बनेगा। सरकार सभी जिलों में किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराने के लिए भी मिशन मोड पर काम कर रही है।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा, क्षेत्र संघचालक डॉ. रमेश अग्रवाल, प्रांत सह संघचालक हेमंत सेठिया, भारत प्रकाशन के प्रबंध निदेशक अरुण गोयल, पांचजन्य के संपादक हितेश शंकर सहित जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक और बड़ी संख्या में युवा मौजूद रहे।
