



राजस्थान के लिए कुल 1,150 पीएम ई-बसें स्वीकृत, 8 शहरों में पहुंच चुकी हैं 110 बसें, सार्वजनिक परिवहन को
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने मंगलवार को पीएम ई-बस सेवा के तहत जयपुर को 16 इलेक्ट्रिक बसें समर्पित कीं। उन्होंने शासन सचिवालय में ई-बसों की विधिवत पूजा-अर्चना की, बसों का अवलोकन किया और हरी झंडी दिखाकर उन्हें रवाना किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी विजन और क्लीन मोबिलिटी की अवधारणा के तहत इन इलेक्ट्रिक बसों की शुरुआत की गई है। आधुनिक तकनीक से लैस ये बसें बिना धुएं और कम शोर के संचालन के कारण पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के 8 शहरों में अब तक 110 पीएम ई-बसें पहुंच चुकी हैं। पीएम ई-बस सेवा के प्रथम चरण में जयपुर, जोधपुर, उदयपुर, कोटा, बीकानेर, भीलवाड़ा, अलवर और अजमेर के लिए कुल 675 इलेक्ट्रिक बसें स्वीकृत की गई हैं।
इसके अलावा राज्य सरकार के विशेष प्रयासों से राजस्थान के लिए अतिरिक्त 475 ई-बसें भी स्वीकृत की गई हैं। इस तरह प्रदेश को कुल 1,150 पीएम ई-बसों की मंजूरी मिल चुकी है।
भजनलाल शर्मा ने कहा कि डबल इंजन सरकार प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक, सुलभ और पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।
ई-बसों के व्यवस्थित संचालन के लिए बस स्टैंड, चार्जिंग पॉइंट और अन्य जरूरी इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित किया जा रहा है, ताकि यात्रियों को बेहतर और विश्वसनीय परिवहन सेवा मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रत्येक वर्ग को सुगम और किफायती परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी क्षेत्रों, विशेषकर दूरस्थ ग्रामीण इलाकों तक परिवहन सेवाओं की पहुंच मजबूत करने के लिए लगातार कदम उठाए जा रहे हैं।
इसी दिशा में हाल ही में 144 रोडवेज बसों को रवाना किया गया था। मुख्यमंत्री ने बताया कि जल्द ही रोडवेज के बेड़े में एक हजार और बसों को शामिल किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सकारात्मक प्रबंधन और सुधारात्मक कदमों के कारण राजस्थान रोडवेज की वित्तीय स्थिति में सुधार हुआ है। उन्होंने दावा किया कि रोडवेज को घाटे से उबारकर फायदे में लाया गया है और कर्मचारियों को समय पर वेतन देने की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है।
उन्होंने कहा कि सरकार जनता से किए गए प्रत्येक वादे को पूरा करने की दिशा में काम कर रही है और सार्वजनिक परिवहन का विस्तार भी इसी प्रतिबद्धता का हिस्सा है। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा, नगरीय विकास एवं स्वायत्त शासन मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) झाबर सिंह खर्रा, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे