



बाड़मेर जिले में स्थित देश की महत्वाकांक्षी पचपदरा रिफाइनरी की सीडीयू (क्रूड डिस्टिलेशन यूनिट) में अप्रैल माह में लगी आग के बाद मरम्मत कार्य अब अंतिम चरण में पहुंच गया है। तकनीकी सुधार, सुरक्षा परीक्षण और ट्रायल प्रक्रिया लगभग पूरी होने की स्थिति में है। ऐसे में रिफाइनरी के उद्घाटन को लेकर एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार 4 जुलाई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा रिफाइनरी का उद्घाटन किए जाने की संभावना पर विचार किया जा रहा है, हालांकि कार्यक्रम के स्वरूप को लेकर अभी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है।
सूत्रों के मुताबिक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रिफाइनरी का वर्चुअल उद्घाटन कर सकते हैं। इस संबंध में विभिन्न स्तरों पर मंथन जारी है। राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने भी रिफाइनरी के कार्यों और उद्घाटन की तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक की है। बताया जा रहा है कि उद्घाटन कार्यक्रम को लेकर कई विकल्पों पर चर्चा चल रही है, लेकिन अभी तक प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से कोई आधिकारिक कार्यक्रम जारी नहीं किया गया है।
गौरतलब है कि 21 अप्रैल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों पचपदरा रिफाइनरी का उद्घाटन प्रस्तावित था। इसके लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की गई थीं और बड़ी जनसभा आयोजित करने की योजना थी। लेकिन उद्घाटन से एक दिन पहले 20 अप्रैल को सीडीयू-वीडीयू यूनिट के बीच स्थित हीट एक्सचेंजर में तकनीकी खराबी के कारण विस्फोट हो गया था, जिसके बाद भीषण आग लग गई। इस घटना के चलते उद्घाटन कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया था।
आग लगने के बाद केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्रालय, हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीसीएल) और राज्य सरकार की निगरानी में मरम्मत कार्य तेज गति से शुरू किया गया। प्रभावित यूनिट को जल्द से जल्द चालू करने के लिए विशेषज्ञों की टीम लगातार काम करती रही। अब मरम्मत कार्य लगभग पूरा हो चुका है और यूनिट ट्रायल चरण में पहुंच गई है।
रिफाइनरी उद्घाटन को लेकर पहले दो से ढाई लाख लोगों की उपस्थिति वाली विशाल जनसभा प्रस्तावित थी। लेकिन आग की घटना के बाद परिस्थितियां बदल गई हैं। अब प्रशासन और संबंधित एजेंसियां सीमित कार्यक्रम या वर्चुअल उद्घाटन जैसे विकल्पों पर भी विचार कर रही हैं।
सूत्रों का कहना है कि एक संभावना यह भी है कि प्रधानमंत्री मोदी सीमित संख्या में अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों और विशिष्ट अतिथियों की मौजूदगी में उद्घाटन करें। वहीं दूसरा विकल्प पूरी तरह वर्चुअल कार्यक्रम का है। अंतिम निर्णय प्रधानमंत्री कार्यालय और संबंधित एजेंसियों के स्तर पर लिया जाएगा।
रिफाइनरी प्रबंधन का कहना है कि सभी सुरक्षा मानकों और तकनीकी परीक्षणों के सफल होने के बाद ही यूनिट को संचालन के लिए तैयार घोषित किया जाएगा। ट्रायल प्रक्रिया पूरी होने के बाद उद्घाटन की तिथि को अंतिम रूप दिया जाएगा।
उद्योग राज्यमंत्री केके विश्नोई ने कहा कि पचपदरा रिफाइनरी राजस्थान ही नहीं, बल्कि देश की सबसे महत्वपूर्ण औद्योगिक परियोजनाओं में से एक है। उन्होंने कहा कि यूनिट को पूरी तरह सुरक्षित और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के बाद शीघ्र उद्घाटन कराया जाएगा। पचपदरा रिफाइनरी को राजस्थान के औद्योगिक विकास की दृष्टि से गेम चेंजर परियोजना माना जा रहा है। इसके संचालन से प्रदेश में निवेश, रोजगार और पेट्रोकेमिकल उद्योग को नई गति मिलने की उम्मीद है।