



जयपुर। राजस्थान में गर्मी ने विकराल रूप धारण कर लिया है। मंगलवार को लगातार तीसरे दिन बाड़मेर देश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 48.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह इस सीजन का अब तक का सबसे अधिक तापमान है। मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी राजस्थान में अगले 5 से 7 दिनों तक हीटवेव और उष्ण रात्रि की स्थिति बने रहने की प्रबल संभावना है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) जयपुर केंद्र द्वारा जारी ताजा बुलेटिन के अनुसार बुधवार 13 मई को बाड़मेर, जैसलमेर और जोधपुर जिलों में भीषण गर्मी का रेड अलर्ट जारी किया गया है। विभाग ने दोपहर के समय लोगों को घर से बाहर नहीं निकलने, पर्याप्त पानी पीने और धूप से बचाव करने की एडवाइजरी भी जारी की है। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि रेगिस्तानी क्षेत्रों में तापमान आने वाले दिनों में 50 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
मौसम केंद्र जयपुर की रिपोर्ट के मुताबिक राज्य के अधिकांश हिस्सों में न्यूनतम और अधिकतम तापमान में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। मंगलवार को फलोदी में 46.4 डिग्री, जैसलमेर में 45.8 डिग्री, चित्तौड़गढ़ में 45.6 डिग्री, बीकानेर में 45 डिग्री, झुंझुनूं में 44.8 डिग्री, कोटा में 44.7 डिग्री, जोधपुर शहर में 44.6 डिग्री, चूरू और पिलानी में 44.5 डिग्री तथा फतेहपुर में 44 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। राजधानी जयपुर में भी अधिकतम तापमान 43.2 डिग्री तक पहुंच गया।
मौसम विभाग ने बताया कि आगामी 24 घंटों के दौरान बीकानेर संभाग, शेखावाटी क्षेत्र तथा जयपुर और भरतपुर संभाग के उत्तरी हिस्सों में कहीं-कहीं मेघगर्जन के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी और हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। हालांकि अधिकांश क्षेत्रों में मौसम शुष्क बना रहेगा और गर्म हवाएं चलती रहेंगी।
विशेषज्ञों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ और पश्चिमी राजस्थान के ऊपर बने ऊपरी वायुमंडलीय चक्रवाती परिसंचरण के कारण मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहा है। वहीं 15 मई से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर-पश्चिम भारत को प्रभावित कर सकता है। इसके बावजूद अगले कुछ दिनों तक गर्मी से राहत मिलने की संभावना बेहद कम बताई जा रही है।
चिकित्सकों ने लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से बाहर नहीं निकलने, हल्के कपड़े पहनने और बच्चों तथा बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखने की सलाह दी है।