



जयपुर। राजस्थान के मुख्य सूचना आयुक्त पद के लिए आवेदन प्रक्रिया सोमवार शाम 6 बजे समाप्त हो गई। यह पद एमएल लाठर के सेवानिवृत्त होने के बाद रिक्त हुआ है। एमएल लाठर 9 मई को अपने पद से कार्यमुक्त हुए थे।
सूत्रों के अनुसार इस महत्वपूर्ण पद के लिए प्रशासनिक और पुलिस सेवा के कई सेवानिवृत्त अधिकारियों के साथ-साथ पत्रकारों और समाजसेवियों ने भी आवेदन किया है। संभावित दावेदारों में राजस्थान सरकार की पूर्व अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह तथा पूर्व पुलिस महानिदेशक रवि मेहरड़ा के नाम प्रमुख रूप से चर्चा में हैं।
मुख्य सूचना आयुक्त का पद सूचना का अधिकार अधिनियम, 2005 के तहत अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। राज्य सूचना आयोग का मुख्य उद्देश्य सरकारी विभागों में पारदर्शिता, जवाबदेही और सूचना तक नागरिकों की पहुंच सुनिश्चित करना है। आयोग नागरिकों द्वारा दायर अपीलों और शिकायतों की सुनवाई करता है।
नियमों के अनुसार मुख्य सूचना आयुक्त की नियुक्ति राज्यपाल द्वारा की जाती है। इसके लिए मुख्यमंत्री, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तथा राज्य मंत्रिमंडल द्वारा नामित एक मंत्री की समिति अनुशंसा करती है।
सूत्रों का कहना है कि आवेदन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब पात्र आवेदनों की जांच की जाएगी। इसके बाद चयन समिति की बैठक आयोजित होने की संभावना है, जिसमें अंतिम नाम पर विचार किया जाएगा।
राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इस नियुक्ति को लेकर विशेष उत्साह बना हुआ है। माना जा रहा है कि नए मुख्य सूचना आयुक्त के सामने लंबित अपीलों के निस्तारण और सूचना आयोग की कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने की बड़ी चुनौती होगी।