



बारां। अंता विधायक प्रमोद जैन भाया ने जिले के चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में कथित भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर बारां CMHO डॉ. संजीव सक्सेना को तत्काल हटाने और उनके कार्यकाल की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।
विधायक भाया द्वारा भेजे गए पत्र में आरोप लगाया गया है कि CMHO ने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए विभाग में अवैध वसूली, वित्तीय अनियमितताएं और सरकारी योजनाओं में गड़बड़ियां की हैं, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं।
पत्र में कहा गया है कि विभाग में कर्मचारियों की प्रतिनियुक्ति के नाम पर भारी रकम वसूली की जा रही है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री जांच योजना (MNJY) और मुख्यमंत्री दवा योजना (MNDY) के तहत पैरा मेडिकल स्टाफ की नियुक्तियों में भी कथित अनियमितताएं सामने आई हैं।
विधायक ने आरोप लगाया कि भवन निर्माण, दवा खरीद, प्रचार-प्रसार फंड और अन्य योजनाओं में फर्जी बिलों और मनमानी स्वीकृतियों के जरिए वित्तीय गड़बड़ियां की गई हैं।
भाया ने कहा कि गरीब मरीजों के लिए प्रस्तावित डायलिसिस यूनिट को बारां के बजाय अन्य जिले में स्थापित कर दिया गया, जिससे स्थानीय मरीजों को आवश्यक चिकित्सा सुविधा से वंचित होना पड़ रहा है।
पत्र में जिला अस्पताल की स्थिति पर भी गंभीर सवाल उठाए गए हैं। विधायक के अनुसार:
इसके अलावा अटरू, छीपाबड़ौद और केलवाड़ा जैसे क्षेत्रों में चिकित्सकों की कमी, अधूरा चिकित्सा ढांचा और ट्रॉमा सेंटर के लंबित कार्यों को लेकर भी चिंता जताई गई है।
विधायक भाया ने बताया कि यह मामला हाल ही में जिला परिषद बारां की बैठक में भी उठाया गया था, जहां जनप्रतिनिधियों ने जांच के निर्देश दिए थे।
विधायक ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि:
इधर, CMHO डॉ. संजीव सक्सेना ने इन सभी आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद बताते हुए खारिज कर दिया है।
राजस्थान के माननीय मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा जी को विस्तृत शिकायत पत्र प्रस्तुत कर जिला बारां में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग में व्याप्त कथित भ्रष्टाचार पर ध्यान आकर्षित किया।
— Pramod Bhaya (@PramodBhayaINC) April 29, 2026
प्रेषित शिकायत में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. संजीव सक्सेना पर पद के… pic.twitter.com/kCevZfhHUY