



जयपुर। मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) में प्रशासनिक मजबूती और कार्य दक्षता बढ़ाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने मंत्रालयिक स्तर पर अहम फेरबदल किया है। हाल ही में 7 आईएएस अधिकारियों की तैनाती के बाद अब 10 मंत्रालयिक कर्मचारियों को भी CMO में पदस्थापित किया है। इस संबंध में कार्मिक विभाग ने रविवार को आधिकारिक आदेश जारी किए हैं, जिससे स्पष्ट है कि सरकार कार्यालय की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में कदम उठा रही है।
जारी आदेशों के अनुसार वीटा माथुर और राजेन्द्र कुमार सिंहवाल को मुख्यमंत्री कार्यालय में अतिरिक्त निजी सचिव के पद पर नियुक्त किया गया है। वहीं अन्य 8 कर्मचारियों—अनिल कुमार सैनी, कृष्ण लाल शर्मा, महेंद्र वर्मा, जगदीश, शैलेश बुराहड़िया, देवी सिंह धाकड़, रिचा बिलंदी और दिव्यांशी बोयत—को विभिन्न विभागों से स्थानांतरित कर CMO में स्टेनो/शीघ्र लिपिक के रूप में लगाया है।
ये सभी कर्मचारी इससे पहले चिकित्सा शिक्षा, ऊर्जा, कृषि, वित्त (बजट) और राजस्व जैसे महत्वपूर्ण विभागों में अपनी सेवाएं दे रहे थे। अब इनकी नियुक्ति मुख्यमंत्री कार्यालय में किए जाने से प्रशासनिक समन्वय और निर्णय प्रक्रिया में तेजी आने की उम्मीद जताई जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि CMO में इस तरह की नियुक्तियां शासन की प्राथमिकताओं को सीधे लागू करने और विभिन्न विभागों के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने में सहायक होती हैं। इससे नीतिगत फैसलों के क्रियान्वयन में गति आएगी और प्रशासनिक कार्यों की निगरानी भी अधिक प्रभावी ढंग से हो सकेगी।