



अजमेर। ब्यावर जिले के ब्यावर शहर में बुधवार को निकाली जा रही पारंपरिक बादशाह की सवारी के दौरान एक दुखद घटना हो गई। सवारी में ‘बादशाह’ की भूमिका निभा रहे चन्द्रशेखर अग्रवाल का अचानक हृदयाघात से निधन हो गया। इस घटना से पूरे शहर में शोक की लहर दौड़ गई और उत्सव का माहौल पलभर में मातम में बदल गया।
बादशाह की सवारी दोपहर करीब 3:15 बजे भैरुजी के खेजड़े से रवाना होकर भारत माता सर्कल होते हुए महादेवजी की छतरी पहुंची थी। यहां चन्द्रशेखर अग्रवाल बादशाह के रूप में परंपरा के अनुसार गुलाल रूपी ‘खर्ची’ लुटा रहे थे। इसी दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई, जिससे मौके पर मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए साथ चल रहे ‘वजीर’ और सहयोगियों ने तुरंत जुलूस के पीछे चल रही एम्बुलेंस को बुलाया। एम्बुलेंस में मौजूद चिकित्सक दल ने तत्काल उन्हें सीपीआर दिया और राजकीय अमृतकौर चिकित्सालय पहुंचाया। इस बीच जिला प्रशासन ने भी अस्पताल में चिकित्सा टीम को अलर्ट कर दिया था। अस्पताल में डॉक्टरों ने उपचार शुरू किया, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।
घटना की जानकारी मिलते ही जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी अस्पताल पहुंच गए। विधायक शंकरसिंह रावत सहित कई जनप्रतिनिधि और गणमान्य नागरिक भी अस्पताल में मौजूद रहे।
बादशाह की तबीयत बिगड़ने की सूचना मिलने के बाद जिला प्रशासन और समाज के गणमान्य लोगों ने जुलूस को सीधे जिला कलेक्टर कार्यालय पहुंचाया, जहां पारंपरिक ‘फरमान’ देने की रस्म अदायगी पूरी की गई और जुलूस को समाप्त कर दिया गया।
चन्द्रशेखर अग्रवाल के निधन की खबर फैलते ही पूरे शहर में शोक का माहौल छा गया। कुछ ही देर पहले तक उत्साह और उमंग से भरा हुआ बादशाह मेला अचानक मातम में बदल गया और शहरवासियों में गहरी मायूसी देखी गई।