



जयपुर। राजस्थान विधानसभा में बुधवार, 18 फरवरी को प्रातः 11 बजे प्रश्नकाल के साथ सदन की कार्यवाही प्रारंभ हुई। प्रश्नकाल के दौरान विभिन्न विभागों से जुड़े मुद्दों पर विधायकों ने सरकार से जानकारी और स्पष्टीकरण मांगा। सदन में कई जनहित से जुड़े प्रश्न उठाए गए, जिन पर संबंधित मंत्रियों ने जवाब प्रस्तुत किए।
प्रश्नकाल के बाद शून्यकाल में विधायक स्थगन प्रस्ताव, पर्ची तथा नियम 295 के अंतर्गत अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों की समस्याएं उठाएंगे। शून्यकाल के दौरान दो ध्यानाकर्षण प्रस्ताव भी लिए जाएंगे। भारतीय जनता पार्टी के श्री चंद कृपलानी और कांग्रेस के रतन देवासी अपने-अपने विषयों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करेंगे।
लंच ब्रेक के बाद विधानसभा में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेंद्र सिंह खींवसर चिकित्सा और चिकित्सा शिक्षा विभाग की अनुदान मांगें प्रस्तुत करेंगे। इसके बाद पक्ष और विपक्ष के विधायक इन अनुदान मांगों पर विस्तार से चर्चा करेंगे। बहस के उपरांत चिकित्सा मंत्री विभाग से संबंधित घोषणाएं और उठाए गए सवालों का जवाब देंगे।
चर्चा पूर्ण होने के बाद सदन में चिकित्सा विभाग की अनुदान मांगों को पारित कराया जाएगा। बजट सत्र के दौरान यह बहस स्वास्थ्य सेवाओं के विस्तार, चिकित्सा ढांचे की मजबूती और चिकित्सा शिक्षा में सुधार जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर केंद्रित रहने की संभावना है।




