



जयपुर। शेरगढ़ विधानसभा क्षेत्र से विधायक बाबूसिंह राठौड़ ने आगामी वर्ष 2026 में होने वाले पंचायती राज चुनावों को लेकर बड़ी मांग उठाई है। विधायक राठौड़ ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) को पंचायती राज चुनावों में 10 प्रतिशत आरक्षण देने की मांग की है।
अपने पत्र में विधायक राठौड़ ने तर्क दिया है कि केंद्र सरकार पहले ही शिक्षा और सरकारी नौकरियों में ईडब्ल्यूएस वर्ग को 10 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दे रही है। ऐसे में लोकतंत्र की सबसे निचली इकाई यानी पंचायतों में भी ईडब्ल्यूएस वर्ग को प्रतिनिधित्व मिलना आवश्यक है, ताकि सामाजिक और आर्थिक रूप से कमजोर तबकों की भागीदारी सुनिश्चित हो सके।
राठौड़ ने कहा कि पंचायती राज संस्थाएं ग्रामीण विकास और जनकल्याण की रीढ़ हैं। यदि इन संस्थाओं में ईडब्ल्यूएस वर्ग को पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं मिलेगा तो सामाजिक न्याय की अवधारणा अधूरी रह जाएगी। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि आरक्षण का उद्देश्य केवल प्रतिनिधित्व नहीं, बल्कि निर्णय प्रक्रिया में सभी वर्गों की भागीदारी सुनिश्चित करना है।
विधायक ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि आगामी पंचायती राज चुनावों से पहले इस विषय पर गंभीरता से विचार कर आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाए, ताकि पंचायत स्तर पर भी ईडब्ल्यूएस वर्ग को उनका संवैधानिक हक मिल सके। इस मांग के बाद प्रदेश की राजनीति में पंचायती राज चुनावों और आरक्षण को लेकर नई बहस शुरू होने की संभावना है।