



राजस्थान विधानसभा में बुधवार को हुक्का बार, सड़कों की स्थिति और जयपुर में लेपर्ड के बढ़ते मूवमेंट जैसे मुद्दों को लेकर सदन का माहौल काफी गरम रहा। प्रश्नकाल और पूरक सवालों के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जमकर नोकझोंक हुई। हुक्का बार से जुड़े सवाल पर उपनेता प्रतिपक्ष रामकेश मीणा के पूरक प्रश्न के जवाब में गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने कांग्रेस शासन और भाजपा शासन में हुई कार्रवाइयों की तुलना की, जिस पर कांग्रेस विधायकों ने कड़ी आपत्ति जताई। इसके बाद सदन में शोर-शराबा बढ़ गया।
गृह राज्यमंत्री बेढम बोले- कांग्रेस राज में हो रहा था नंगा नाच, विधानसभा अध्यक्ष देवनानी बोले- सरकार किसी की हो, हुक्का बारों पर हो रोकथाम
गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम ने कहा कि कांग्रेस शासन के दौरान प्रदेश में 55 हजार से ज्यादा जगहों पर हुक्का बार संचालित हो रहे थे और उस समय अवैध गतिविधियां चरम पर थीं। उन्होंने आंकड़े पेश करते हुए बताया कि वर्ष 2022 में हुक्का बार से जुड़े 55,326 मामले सामने आए थे, जबकि 2023 में यह संख्या 25,885 रही और भाजपा सरकार की सख्त कार्रवाई के बाद अब यह घटकर 12,598 रह गई है। मंत्री के “कांग्रेस राज में नंगा नाच हो रहा था” जैसे बयान पर कांग्रेस विधायकों ने तीखी प्रतिक्रिया दी, जिससे सदन में नोकझोंक और तेज हो गई।
इस दौरान विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने हस्तक्षेप करते हुए कहा कि सरकार किसी की भी हो, पूरे राजस्थान में हुक्का बार और मादक पदार्थों से जुड़ी गतिविधियों पर सख्त रोक लगनी चाहिए। उन्होंने सभी पक्षों को संयम बरतने और कानून-व्यवस्था के मुद्दों पर गंभीरता से कार्रवाई करने की हिदायत दी।
सड़कों के मुद्दे पर हंगामा, कांग्रेस विधायकों पर दीया कुमारी का पलटवार
विधानसभा में सड़कों की स्थिति को लेकर भी जोरदार बहस हुई। कांग्रेस विधायक चेतन पटेल के सवाल के जवाब में डिप्टी सीएम और पीडब्ल्यूडी मंत्री दीया कुमारी ने पिछली कांग्रेस सरकार और वर्तमान भाजपा सरकार के कार्यों की तुलना करते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार ने पांच साल में 13 हजार किलोमीटर नई सड़कें बनाई थीं, जबकि भाजपा सरकार ने केवल दो साल में 16,864 किलोमीटर सड़कें बना दी हैं। उन्होंने बताया कि पिछली सरकार में 1,104 गांव सड़कों से जुड़े थे, जबकि मौजूदा सरकार ने दो साल में 1,700 गांवों को सड़क नेटवर्क से जोड़ा है।
दीया कुमारी ने कहा कि कांग्रेस शासन में विधायकों की सिफारिशों पर सड़क स्वीकृतियां नहीं दी जाती थीं, जबकि भाजपा सरकार ने बिना भेदभाव सभी विधायकों से अनुशंसाएं लेकर स्वीकृतियां जारी की हैं। जैसे ही उन्होंने आंकड़े रखने शुरू किए, कांग्रेस विधायकों ने आपत्ति जताई और सदन में हंगामे की स्थिति बन गई। इस पर दीया कुमारी ने पलटवार करते हुए कहा कि वे केवल तथ्य रख रही हैं और विपक्ष को आक्रामक होने की आवश्यकता नहीं है।
विधानसभा में गूंजा जयपुर में लेपर्ड के बढ़ते मूवमेंट का मुद्दा,एक महीने के भीतर 1926 हेल्पलाइन करेंगे शुरू
जयपुर में आबादी क्षेत्रों में लेपर्ड के बढ़ते मूवमेंट का मुद्दा भी सदन में गूंजा। भाजपा विधायक कालीचरण सराफ के सवाल पर वन राज्य मंत्री संजय शर्मा ने बताया कि आबादी क्षेत्रों में लेपर्ड और अन्य वन्यजीवों की आवाजाही पर नजर रखने के लिए एक विशेष हेल्पलाइन शुरू की जाएगी। उन्होंने कहा कि एक महीने के भीतर 1926 हेल्पलाइन शुरू हो जाएगी, जिस पर आम लोग वन्यजीवों के मूवमेंट की सूचना दे सकेंगे।
निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत बोलीं-जिसने डीप फेक वीडियो बनाया, उसको सम्मानित किया
सदन के बाहर निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत ने भी बयान देकर राजनीतिक हलचल बढ़ा दी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ बनाए गए एक डीप फेक वीडियो के मुख्य आरोपी को गणतंत्र दिवस पर सम्मानित किया गया। ऋतु बनावत ने सवाल उठाया कि आरोपी को सम्मानित करने की सिफारिश किसने की और महिलाओं के सम्मान पर सरकार की मंशा पर भी सवाल खड़े किए।
कुल मिलाकर, विधानसभा का दिन हुक्का बार, सड़क विकास, कानून-व्यवस्था और महिला सम्मान जैसे मुद्दों पर तीखी बहस और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के नाम रहा, जिससे आने वाले दिनों में सदन के और भी हंगामेदार रहने के संकेत मिलते हैं।