Saturday, 29 August 2026

‘मन की बात’ की 130 वीं कड़ी में लोकतंत्र, स्टार्टअप और किसानों के नवाचारों पर जोर: पीएम मोदी बोले—मतदाता लोकतंत्र की आत्मा, भारत बना तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम


‘मन की बात’ की 130 वीं कड़ी में लोकतंत्र, स्टार्टअप और किसानों के नवाचारों पर जोर: पीएम मोदी बोले—मतदाता लोकतंत्र की आत्मा, भारत बना तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को ‘मन की बात’ कार्यक्रम की 130 वीं कड़ी के माध्यम से देशवासियों को संबोधित किया। वर्ष 2026 में यह कार्यक्रम का पहला संस्करण था। इस अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जयपुर के सांगानेर स्थित कैम्प कार्यालय में आमजन के साथ कार्यक्रम को सुना। प्रधानमंत्री ने देशवासियों को आगामी गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं देते हुए संविधान निर्माताओं को नमन किया और 25 जनवरी को मनाए जाने वाले राष्ट्रीय मतदाता दिवस को लोकतंत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने युवाओं से 18 वर्ष की आयु पूरी होने पर मतदाता पंजीकरण कराने और पहली बार मतदान को उत्सव की तरह मनाने का आह्वान किया।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि मतदाता लोकतंत्र की आत्मा होता है और मजबूत लोकतंत्र के लिए जागरूक नागरिक आवश्यक हैं। उन्होंने ‘स्टार्टअप इंडिया’ की 10 वर्षों की यात्रा का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत आज दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा स्टार्टअप इकोसिस्टम बन चुका है। उन्होंने युवाओं से ‘जीरो डिफेक्ट-जीरो इफेक्ट’ के सिद्धांत के साथ गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने और भारतीय उत्पादों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाने का आह्वान किया।

प्रधानमंत्री ने जनभागीदारी को देश की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए तमसा नदी पुनर्जीवन, जलाशयों के संरक्षण, स्वच्छता अभियान, पर्यावरण संरक्षण और ‘एक पेड़ मां के नाम’ जैसे अभियानों की सराहना की। उन्होंने विदेशों में भारतीय समुदाय द्वारा संस्कृति के संरक्षण के प्रयासों की भी प्रशंसा की।

अपने संबोधन में मोदी ने श्रीअन्न (मिलेट्स) के महत्व पर चर्चा करते हुए राजस्थान के रामसर क्षेत्र के किसानों के नवाचारों का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि रामसर ऑर्गेनिक फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी से जुड़े 900 से अधिक किसान बाजरे की खेती कर उसे प्रोसेस कर रेडी-टू-ईट उत्पाद तैयार कर रहे हैं, जिनकी बाजार में अच्छी मांग है।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रधानमंत्री के संबोधन को आत्मनिर्भर और विकसित भारत के संकल्प को नई ऊर्जा देने वाला बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री द्वारा रामसर के किसानों का उल्लेख प्रदेश के अन्नदाताओं के परिश्रम को राष्ट्रीय मंच पर सम्मान देने जैसा है। मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान से प्रेरित होकर राजस्थान सरकार ने 5 वर्षों में 50 करोड़ पौधे लगाने का संकल्प लिया है। पिछले दो वर्षों में राज्य में 19 करोड़ से अधिक पौधे लगाए जा चुके हैं। उन्होंने विश्वास जताया कि श्रीअन्न आधारित नवाचारों से किसानों की आय बढ़ेगी और ग्रामीण अर्थव्यवस्था सशक्त होगी।

Previous
Next

Related Posts