



जयपुर। भारतीय जनता पार्टी प्रदेश कार्यालय में मंगलवार को उद्योग एवं वाणिज्य तथा खेल मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ और जनजाति विकास मंत्री बाबूलाल खराड़ी द्वारा आयोजित कार्यकर्ता सुनवाई में कार्यकर्ताओं की ओर से बड़ी संख्या में समस्याएँ प्रस्तुत की गईं। कार्यकर्ता सुनवाई के बाद मीडिया से बातचीत में कर्नल राठौड़ ने कहा कि भाजपा का मूल दायित्व है कि जनता और कार्यकर्ताओं की समस्याओं का समाधान सर्वोच्च प्राथमिकता पर किया जाए।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देशानुसार सप्ताह में तीन दिन नियमित रूप से प्रदेश कार्यालय में मंत्री और पदाधिकारी कार्यकर्ताओं की समस्याएँ सुनेंगे। आज लगभग 90 परिवाद प्राप्त हुए, जिनमें से कई का समाधान मौके पर ही अधिकारियों को फोन कर निर्देश देकर करवा दिया गया। शेष प्रकरणों को संबंधित विभागों को अग्रेषित किया गया है और नीतिगत विषयों पर गहन विचार किया जाएगा। राठौड़ ने कहा कि कार्यकर्ता सुनवाई की व्यवस्था से समस्याएँ सीधे सही अधिकारियों तक पहुँचती हैं, जिससे समाधान प्रक्रिया तेज हो जाती है। अधिकांश मामले राजस्व, बिजली–पानी, स्थानांतरण और विभागीय कार्यों से संबंधित थे।
कर्नल राठौड़ ने विपक्ष पर तीखा हमला करते हुए कहा कि डबल इंजन सरकार के चलते केंद्र से निरंतर सहयोग मिल रहा है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के समय समन्वय के अभाव में विकास कार्य बाधित रहते थे। कांग्रेसी नेता दिल्ली एक परिवार के ढोक लगाने जाते थे, जबकि हम दिल्ली देश की सरकार के पास जाते हैं।”
स्थानांतरण पर पूछे गए सवाल के जवाब में राठौड़ ने स्पष्ट किया कि प्रक्रिया शुरू होने पर सभी प्रस्तावों पर विचार किया जाएगा। यदि किसी मामले में कानून से हटकर निर्णय लेने की आवश्यकता होगी तो वह प्रकरण मुख्यमंत्री के पास भेजा जाएगा।
राठौड़ ने कहा कि राजस्थान उत्तर भारत का सबसे शांत, सुरक्षित और उभरता हुआ निवेश गंतव्य बन रहा है। राइजिंग राजस्थान, सिंगल विंडो क्लियरेंस और निवेशक-अनुकूल नीतियों से राज्य में रोजगार एवं उद्यमिता बढ़ रही है।
उन्होंने बताया कि प्रवासी राजस्थान दिवस पर प्रवासी राजस्थानियों के अनुभव, संसाधन और CSR निवेश को प्रदेश के विकास से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। इस पहल को अत्यंत सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।
कार्यकर्ता सुनवाई में भाजपा प्रदेश महामंत्री भूपेंद्र सैनी और प्रदेश मंत्री नारायण मीणा भी उपस्थित रहे। सैनी ने स्पष्ट किया कि यह कार्यकर्ता सुनवाई है, जनसुनवाई नहीं। मंत्री अपनी नियमित जनसुनवाई अपने आवास और सचिवालय में यथावत करते रहेंगे।
उन्होंने बताया कि कार्यकर्ता अपनी समस्याएँ मंडल अध्यक्ष, जिलाध्यक्ष या जिला पदाधिकारी की अनुशंसा के साथ प्रस्तुत करें।
भूपेंद्र सैनी ने 3 दिसंबर का शेड्यूल जारी किया—
चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री: गजेन्द्र सिंह खींवसर
पीडब्ल्यूडी एवं महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री: मंजू बाघमार
उपस्थित पदाधिकारी: भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष छगन माहुर, प्रदेश महामंत्री मिथिलेश गौतम
इन मंत्रियों के समक्ष विभागीय समस्याओं को प्राथमिकता से सुना जाएगा।