



जयपुर। राजस्थान कांग्रेस ने बड़ा संगठनात्मक कदम उठाते हुए नेता नरेश मीणा को पार्टी से 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया है। पार्टी ने यह कार्रवाई अंता विधानसभा उपचुनाव में बगावत और अनुशासनहीनता के कारण की है।
कांग्रेस ने अंता सीट से प्रमोद जैन भाया को आधिकारिक प्रत्याशी घोषित किया था। लेकिन नरेश मीणा इस फैसले से नाराज़ होकर निर्दलीय चुनाव लड़ने की तैयारी में जुट गए थे। इससे पार्टी के खिलाफ बगावत का माहौल बन गया और कांग्रेस आलाकमान ने कड़ा रुख अपनाते हुए कार्रवाई की।
कांग्रेस की प्रदेश अनुशासन समिति ने नरेश मीणा के व्यवहार को पार्टी विरोधी गतिविधि मानते हुए उनके खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की सिफारिश की थी। जिसके बाद पार्टी ने उन्हें 6 साल के लिए निष्कासित कर दिया।
पार्टी सूत्रों का कहना है कि कांग्रेस इस बार अंता उपचुनाव को किसी भी तरह हल्के में नहीं लेना चाहती। 2023 की हार के बाद पार्टी पूरा जोर लगाना चाहती है। ऐसे में नरेश मीणा का निर्दलीय खड़ा होना कांग्रेस के लिए खतरा बन सकता था। इसी वजह से पार्टी ने सख्ती दिखाते हुए तुरंत निष्कासन का निर्णय लिया।