



जयपुर। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सरकार पर तीखे प्रहार करते हुए कहा है कि राज्य में भ्रष्टाचार का आलम यह है कि बिना पैसा और पर्ची कटवाए कोई काम नहीं होता। उन्होंने आरोप लगाया कि एक काम के लिए तीन-तीन जगह पर्चियां कटवानी पड़ रही हैं और इस प्रक्रिया में आरएसएस का हस्तक्षेप भी शामिल है।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डोटासरा ने कहा कि हाल ही में हुए 5000 प्रिंसिपल के तबादलों में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ। उन्होंने बताया कि जनवरी से पर्चियां कटनी शुरू हुईं और सितंबर के आखिर में लिस्ट आउट हुई। उन्होंने दावा किया कि पहले 800 नामों की सूची बनी, फिर सीएमओ में लिस्ट 1100 तक पहुंची, इसके बाद आरएसएस के पास गई तो 1700-1800 नाम जुड़ गए। अंततः अधिकारियों और दलालों के हाथों में लिस्ट पहुंचने के बाद 4500 ट्रांसफर हुए जो भ्रष्टाचार की भेंट चढ़े।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डोटासरा ने कहा कि केंद्र सरकार ने 10 साल तक जीएसटी में जनता को लूटा। अब जब बिहार चुनाव के समय सिंहासन डगमगाने लगा, तो राहत का दिखावा करते हुए जीएसटी दरें कम की गईं। लेकिन हकीकत यह है कि न तो कोई सामान सस्ता हुआ और न ही आम आदमी की आय में कोई राहत मिली।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डोटासरा ने आरोप लगाया कि भाजपा और केंद्र सरकार दो तरीकों से वोट चोरी करती है। पहला तरीका है चुनाव आयोग के अफसरों को अपने पक्ष में करके फर्जी वोट जुड़वाना और डालना। दूसरा तरीका है वोटर लिस्ट से विपक्षी मतदाताओं के नाम कटवाना। उन्होंने कहा कि यह संविधान और लोकतंत्र की हत्या है।
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष डोटासरा ने आगामी निकाय और पंचायत चुनावों में भाजपा को कड़ी चुनौती देने का दावा किया। उन्होंने कहा, “भाजपा चुनाव टाल सकती है, लेकिन जब भी चुनाव होंगे, जनता उन्हें उनकी औकात दिखा देगी।”
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा अपने जन्मदिन पर कांग्रेस वॉर रूम, जयपुर में मीडिया से रूबरू हुए। इस मौके पर प्रदेश प्रभारी सुखजिंदर सिंह रंधावा, नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और कांग्रेस विधायक मौजूद थे। वॉर रूम के बाहर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता पहुंचे और शहर में जगह-जगह होर्डिंग-बैनर लगाए गए। आयोजन को डोटासरा का शक्ति प्रदर्शन माना जा रहा है।