



जयपुर— राजस्थान सरकार के सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग में नई अप्रोच और तकनीकी सशक्तता के साथ कार्य प्रणाली को सुदृढ़ करने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। गुरुवार को विभागीय मुख्यालय पर आयोजित बैठक में शासन सचिव श्रीमती अर्चना सिंह एवं आयुक्त संदेश नायक ने विभागीय गतिविधियों की समीक्षा करते हुए यह स्पष्ट किया कि अब विभाग न्यू मीडिया, विशेषकर सोशल मीडिया, पर विशेष फोकस करेगा और प्रचार के पारंपरिक माध्यमों के साथ नवाचार और तकनीक का समन्वय होगा।
श्रीमती अर्चना सिंह ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम छोर तक पहुंचाने के लिए ब्रांडिंग और संप्रेषण की रणनीति को और अधिक रचनात्मक, प्रभावी एवं लक्षित वर्ग केंद्रित बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि आज प्रचार-प्रसार में तकनीक का उपयोग निर्णायक बन चुका है, इसलिए विभाग को आधुनिक संसाधनों एवं प्रशिक्षण के जरिए सशक्त किया जाएगा।
जनसंपर्क आयुक्त संदेश नायक ने विभाग की भूमिका को "राज्य सरकार की आंख, नाक और कान" की उपमा देते हुए कहा कि सभी अधिकारी सकारात्मक एवं संवेदनशील दृष्टिकोण से कार्य करें और सूचनाओं के प्रचार में समाज के हर वर्ग तक जुड़ाव स्थापित करें। उन्होंने प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक, आउटडोर और सोशल मीडिया सहित सभी माध्यमों के संतुलित और कुशल उपयोग पर बल दिया। साथ ही पत्रकारों की अधिस्वीकरण प्रक्रिया, पत्रकार कल्याण, और आर.जे.एच.एस. योजनाओं की समीक्षा कर प्राथमिकता से कार्यान्वयन के निर्देश दिए।
बैठक के दौरान सचिव और आयुक्त ने मुख्यालय स्थित विज्ञापन, समाचार, सोशल मीडिया, इलेक्ट्रोनिक मीडिया, प्रकाशन, शोध एवं छायाचित्र शाखाओं सहित पूरे परिसर का निरीक्षण कर कार्य प्रक्रियाओं का अवलोकन किया। उन्होंने आश्वासन दिया कि प्रत्येक शाखा में कामकाज को सुचारू और परिणामदायी बनाने हेतु आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे।
इस अवसर पर विभाग के अतिरिक्त निदेशक, उप निदेशक, मुख्य फोटो अधिकारी, वित्तीय सलाहकार सहित विभिन्न शाखाओं के अधिकारी एवं कार्मिक उपस्थित रहे। बैठक में सभी ने विभाग की नई कार्यशैली एवं दृष्टिकोण को सकारात्मक रूप से अपनाने की प्रतिबद्धता जताई।