



जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए भीषण आतंकी हमले को लेकर राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को जयपुर में मीडिया से वार्ता के दौरान इसे ‘मानवता पर कलंक’ बताया। उन्होंने कहा कि यह एक इतनी घिनौनी और अमानवीय घटना है जिसने पूरे देश को झकझोर दिया है। इस हमले में जयपुर निवासी नीरज उधवानी की मृत्यु पर उन्होंने गहरा दुख जताया और कहा कि परिवार के सामने इस तरह से मुखिया को खो देना, एक असहनीय पीड़ा है जिसे शब्दों में बयान नहीं किया जा सकता।
गहलोत ने कहा— ‘हमारे जवानों में है मुकाबले की ताकत’
गहलोत ने विश्वास जताया कि हमारी सेना, बीएसएफ और सुरक्षा एजेंसियां इस हमले का मुंहतोड़ जवाब देंगी और यह भी पता लगाएंगी कि इतने सैलानियों के बीच इतनी बड़ी चूक कैसे हुई। उन्होंने कहा, “ऐसी स्थितियों में पूरा देश एकजुट होता है और यह हमला हमें और अधिक दृढ़ बनाता है। देश में एकता का संकल्प पहले से ही है और ऐसे संकट की घड़ी में मुकाबला करने की ताकत हमारे पास है।”
धर्म पूछकर की गई हत्या पर जताया आक्रोश
गहलोत ने धर्म पूछकर लोगों को मारे जाने की खबरों को दुर्भाग्यपूर्ण और निंदनीय बताते हुए कहा कि यह आतंकी सोच की पराकाष्ठा है। “जिस तरह की खबरें छन-छनकर आ रही हैं, वो हिला देने वाली हैं। धर्म पूछकर किसी को मारना, यह केवल आतंकी नहीं, पूरी मानवता पर हमला है। ऐसी घटनाओं को देश कभी नहीं भूल पाएगा।”
राजनीति से ऊपर उठने का आह्वान
पूर्व मुख्यमंत्री ने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि इस संवेदनशील समय में राजनीति से ऊपर उठकर एकजुटता दिखानी चाहिए। उन्होंने कहा, “यह समय किसी राजनीति का नहीं, देश की सुरक्षा और आतंकवाद के खिलाफ एकजुट होकर खड़े होने का है। सरकार जो भी कदम उठाएगी, देश उसके साथ खड़ा रहेगा।”
जयपुर के नीरज उधवानी की मौत पर शोक
जयपुर निवासी सीए नीरज उधवानी की हत्या पर शोक जताते हुए गहलोत ने कहा, “उनकी पत्नी और बच्चों पर जो गुजरा है, वह कल्पना से परे है। यह जघन्य हत्या उन मासूम बच्चों की आंखों के सामने हुई, जिसे वे जीवनभर नहीं भूल पाएंगे। पूरा राजस्थान उनके साथ खड़ा है।”