



जयपुर में सोमवार को पब्लिक रिलेशन सोसायटी ऑफ इंडिया (PRSI), जयपुर चैप्टर की ओर से राष्ट्रीय जनसंपर्क दिवस और सम्मान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस वर्ष की थीम रही—"आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस का उत्तरदायी उपयोग: जनसंपर्क की भूमिका"। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता सुविख्यात आईटी विशेषज्ञ अजय डाटा ने एआई की तेज़ी से बढ़ती भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि “तकनीक से नहीं, उसकी गति से डर है।” उन्होंने कहा कि आज मशीनें सोच और लिख सकती हैं, जो पहले केवल मानव का अधिकार क्षेत्र था। हमें इसे खतरा नहीं, अवसर मानकर जिम्मेदारी से अपनाना चाहिए।
पीआरएसआई जयपुर चैप्टर के अध्यक्ष वीरेंद्र पारीक ने अतिथियों का स्वागत करते हुए संस्था की उपलब्धियों की जानकारी दी। संरक्षक गोविंद पारीक ने पीआरएसआई का इतिहास साझा करते हुए कहा कि एआई के कारण विश्वसनीयता का संकट बढ़ा है, और इस पर जनजागरण की ज़रूरत है।
प्रोफेसर देवस्वरूप ने कहा कि “परिवर्तन अपरिहार्य है, लेकिन रचनात्मकता को बचाए रखना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है।” समारोह में कविता जोशी (उपाध्यक्ष) ने धन्यवाद ज्ञापन किया।
इस अवसर पर जनसंपर्क क्षेत्र की कई हस्तियों को सम्मानित किया गया।
लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड: रामस्वरूप जोशी, डॉ. महेंद्र मधु
जनसंपर्क अलंकरण सम्मान: श्रीमती अलका सक्सेना
उत्कृष्ट जनसंपर्क सम्मान: देवेंद्र शर्मा, राधेश्याम कोली, गोविंद शर्मा, धर्मिता चौधरी, चंद्रशेखर पारीक
समाज सेवा सम्मान: प्रहलाद कुमार गुप्ता
ऊर्जावान सम्मान: मनीष हूजा, सुरेन्द्र सिंह हरसाना
विशिष्ट उपलब्धि सम्मान: रामफूल गुर्जर, प्रभात गोस्वामी, मुरारी गुप्ता, गुरजंट सिंह
जनसंपर्क शिक्षण विशिष्टता सम्मान: डॉ. आस्था सक्सेना, डॉ. गरिमा कपूर, डॉ. ऋचा यादव
उदयमान प्रतिभा सम्मान: दीपाली बारहठ, कृष्णप्रिया
कार्यक्रम संचालन चंद्रशेखर पारीक द्वारा किया गया।